18 जनवरी 2026,

रविवार

Patrika LogoSwitch to English
icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

रतौना में गोकुल ग्राम को मिली 500 एकड़ जमीन

डेयरी विस्थापन का रास्ता साफ: आठ हजार वर्गफीट में एक शेड बनाने की प्लानिंग

2 min read
Google source verification
Ratauno Gokul gram 500 acres land

Ratauno Gokul gram 500 acres land

सागर. शहर में डेयरी विस्थापन का रास्ता भी साफ हो गया है। पशुपालन विभाग ने रतौना में शासकीय पशु प्रजनन प्रक्षेत्र, गोकुल ग्राम व डेयरी विकास के लिए सोमवार को 500 एकड़ भूमि हस्तानांतरित करने के आदेश जारी कर किए हैं।
जानकारी के अनुसार पशुधन व कुककुट विकास निगम भोपाल को राष्ट्रीय गौ-भैंस वंशीय पशु प्रजजन योजना एवं डेयरी विकास के लिए जमीन सौंपी गई है। योजना के अंतर्गत यहां देशी नस्लों को वैज्ञानिक विधियों के आधार पर विकसित भी किया जाएगा।
वर्तमान में शहर के तिली, गोपालगंज, मोतीनगर, भगवानगंज, कृष्णगंज, सुभाष नगर, बड़ा बाजार क्षेत्र में सबसे ज्यादा डेयरियों को संचालन हो रहा है। यह कुल डेयरियों का करीब 65 प्रतिशत हंै।
08 डेयरी प्रत्येक वार्ड में
375 कुल डेयरी की संख्या
113 मकरोनिया में डेयरी
06 हजार 500मवेशी यहां
शहर की यातायात व्यवस्था और एेतिहासिक झील के लिए नासूर बनी डेयरियों को शहर से बाहर करने की कवायद डेढ़ दशक से की जा रही है। पूर्व में तत्कालीन कमिश्नर डॉ. मनोहर अगनानी की अगुवाई में सांसद लक्ष्मीनारायण यादव व विधायक शैलेंद्र जैन की मौजूदगी में विस्थापन के लिए मैराथन बैठकों का सिलसिला चला था। इसके लिए सागर-भोपाल मार्ग पर ग्राम रतौना में जमीन भी तलाश ली गई और डेयरी मालिक भी यहां शिफ्ट होने तैयार थे, लेकिन यह जमीन पशुपालन विभाग ने डेयरी के लिए आवंटित नहीं की थी, जिसके बाद मामला अटक गया था। इसके बाद पिछले दिनों संभागायुक्त मनोहर दुबे ने मामले को संज्ञान में लिया और जमीन आवंटित कराने की पहल की।
यह है प्लानिंग
डेयरी स्टेट में 8000 वर्गफीट के क्षेत्र में एक डेयरी शेड बनाने की प्लानिंग है। एक शेड में 25 मवेशियों को ही रखा जाएगा। प्रशासन और पशुपालकों के बीच विस्थापन के कुछ बिंदुओं पर सहमति बनना शेष है। रतौना में वर्तमान में कुककुट विकास निगम के अधिकारियों ने डिजाइन को तैयार की है।
कहते हैं जिम्मेदार
भूमि के हस्तांतरण से योजना के काम में गति आएगी। डेयरी विस्थापित होने से न केवल यातायात व्यवस्था सुधरेगी, बल्कि सड़कों पर विचरण करते पशुओं से भी निजात मिलेगी।
शैलेंद्र जैन, विधायक
इस मामले में कुछ कहना अभी जल्दबाजी होगी, आदेश पूरा पढऩे के बाद आगे प्रक्रिया शुरू की जाएगी। डेयरी विस्थापन तय है, आगे के निर्णय जल्द लिए जाएंगे।
मनोहर दुबे, संभागायुक्त सागर