(फोटो कैप्शन: सिर पर जूते रखे गुलजारी )
सागर. बंडा ब्लॉक के कथोरा गांव में एक परिवार के लोग चप्पल-जूता उस समय अपने सिर पर रख लेते हैं, जब वे किसी दबंग अथवा दूसरी जाति के लोगों के घर के सामने से गुजरते देखते हैं। गांव में इस परिवार का हुक्का-पानी भी बंद है। शादी-विवाह से लेकर अन्य समारोहों में इन्हें नहीं बुलाया जाता। मामला चर्चा में आने के बाद स्थानीय प्रशासन जांच कराने की बात कह रहा है। गांव में गुलजारी के परिवार के सदस्यों को यह भी फरमान सुनाया गया है कि वे गांव में अदब से रहें और किसी भी कार्यक्रम से दूर रहें।
(कथौरा गांव में पीडि़त परिवार।)
विवाद में पुलिस की मदद ली तो दबंग हो गए नाराज
गुलजारी बताते हैं कि गांव के एक रसूखदार परिवार के सदस्य और हम लोगों के बीच विवाद हो गया था। हम लोगों ने पुलिस की मदद ली तो वे खफा हो गए। वे राजीनामा करने का दबाब बनाने लगे। मना किया तो गांव की पंचायत बैठाकर हमारा हुक्का-पानी बंद करा दिया। उनकी पत्नी श्यामाबाई बताती हैं कि कक्षा एक में पढऩे वाले नि:शक्त बेटे नरेंद्र को कुछ बच्चे स्कूल में आने से मना करते हैं। हम लोग रोजी-रोटी की खातिर घर छोड़कर भी नहीं जा सकते हैं।
कुछ लोगों के बताने यह जानकारी मुझे प्राप्त हुई है। मैंने गांव का दौरा भी किया है। पुलिस से मामले की जांच कराने के बाद ही विस्तृत जानकारी दे सकूंगा।
सीजी गोस्वामी, तहसीलदार, बंडा
परिवार के किसी सदस्य ने थाने में शिकायत नहीं की है। तहसीलदार द्वारा भी कोई शिकायत नहीं की गई है, यदि प्राप्त होती है तो नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।
संधीर चौधरी, थाना प्रभारी, बंडा