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MP News: प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना देश के करोड़ों किसानों के लिए एक बड़ी राहत बनकर सामने आई है, लेकिन प्रदेश के 4 लाख पात्र किसान लाभ से वंचित हैं। हाल ही में हुई एक समीक्षा में सामने आया है कि इस योजना के लाभ से वंचित होने के पांच ‘दुश्मन’ हैं। ये हैं- लंबित सेल्फ रजिस्ट्रेशन, ई-केवाईसी, आधार से बैंक खाता लिंक न होना, लैंड लिंकिंग और फार्मर आईडी। आयुक्त भू-अभिलेख अनुभा श्रीवास्तव ने इस पर ध्यान देते हुए सभी जिला कलेक्टरों को इन लंबित मामलों को जल्द से जल्द सुलझाने के निर्देश दिए हैं।
दरअसल, किसान सम्मान निधि योजना का लाभ हितग्राही द्वारा ई-केवाईसी करने के उपरांत आधार से लिंक डीबीटी इनेबल खाते में प्रदान किया जाता है। जुलाई की स्थिति में अकेले 15 हजार शिकायतें इन वजहों से किसान सम्मान निधि नहीं मिलने की लंबित पाई गई हैं। प्रदेश में लगभग 23 लाख किसानों को किसान सम्मान निधि की राशि प्रदान की जाती है।
सतना जिले में कुल किसानों की संख्या 7,94,314 है। इसमें से पीएम किसान योजना के पात्र किसानों की संख्या 1,76,139 है। 1,36,725 किसानों ने फार्मर रजिस्ट्री के लिए पंजीयन करवा लिया है। 39,414 किसानों का पंजीयन लंबित है। जिनका पंजीयन हो चुका है उसमें पटवारी और तहसीलदार स्तर पर 22,617 का सत्यापन लंबित है तो शासन स्तर पर 6279 लोगों की स्वीकृति लंबित है।
Published on:
20 Aug 2025 05:37 pm

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