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ये है नगर निगम का 6.82 लाख का टॉयलेट

चौपाटी निर्माण में गड़बड़झाला: बाजार रेट से दो गुना अधिक का एस्टीमेट, 7.50 अधिक एसओआर पर हुए टेंडर
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सतना

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Suresh Mishra

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Updated: 25 Aug 2018, 5:11 PM IST

6.82 lakh toilets of municipal corporation in satna

6.82 lakh toilets of municipal corporation in satna

सुखेंद्र मिश्र @ सतना। नगर पालिक निगम सतना ने शौचालय निर्माण में पैसा लुटाकर भ्रष्टाचार और अनदेखी एक ऐसा रेकॉर्ड बनाया है, जो कोई दूसरा शहर तोड़ नहीं पाएगा। निगम ने 6.82 लाख रुपए में एक संयुक्त शौचालय बनवाया है। इसमें चार टॉयलेट सीट, दो वॉशरूम और एक यूरिनल है। दस्तावेजों के अनुसार, इंजीनियरों के निर्माण कार्य के एस्टीमेट के बाद ठेका एजेंट को भुगतान एसओआर (निर्माण की लागत) से 7.50 प्रतिशत अधिक किया गया। वैसे केंद्र सरकार एक शौचालय के निर्माण की लागत 12 हजार रुपए मानती है।

वहीं प्रधानमंत्री आवास के तहत एक कमरा, किचन और शौचालय निर्माण की लागत 2.5 लाख रुपए तय की गई है। वहीं इसकी क्रियान्वन संस्था नगर निगम ने सिविल लाइन स्थित चौपाटी पर 315 वर्गफीट में 6.82 लाख रुपए से टॉयलेट बनवाया है। यह मूल लागत से करीब दोगुना अधिक है। निर्माण एजेंसी को इस शौचालय का भुगतान 2165 रुपए प्रति वर्गफीट के अनुसार किया गया है। पत्रिका ने आर्किटेक्ट और निर्माण विशेषज्ञों से इसकी लागत निकलवाई तो यह अधिकतम 1 हजार रुपए वर्गफीट बताई गई।

जिम्मेदारों ने दबाई जांच
सरकारी धन के दुरुपयोग की शिकायत पर परिषद अध्यक्ष ने चार सदस्यीय टीम बनाकर जांच कराई। पार्षदों ने लागत से दोगुना अधिक भुगतान मानते हुए इसकी जांच स्वतंत्र एजेंसी से कराने की सिफारिश की। इसके बाद भी अफसर इस प्रस्ताव को एक साल से दबाकर बैठे हैं।

शौचालय में क्या-क्या
इस शौचालय में चार टॉयलेट सीट (एक महिला, तीन पुरुष ), दो वॉशरूम, एक वॉश वेसिन तथा एक यूरिनल बनाया है। वर्ष 2016 में कार्यादेश पर हुए इस निर्माण की टाइल्स बिना लोकार्पण के चटकने लगी हैं।

ऐसा है शौचालय
- लागत मूल्य- 6,82,775 रुपए
- निर्माण क्षेत्रफल- 315 वर्गफीट
- निर्माण एजेंसी- मे.बच्चू बिल्डर्स
- निगरानी एजेंसी- नगर निगम
- निर्माण प्रभारी- नागेंद्र सिंह कार्यपालन यंत्री
- साइट इंचार्ज- राजेश गुप्ता, उपयंत्री

एक्सपर्ट की राय
शौचालय के एस्टीमेट से ही निगम इंजीनियरों ने बड़ा खेल किया है। पहले इसकी लागत मूल्य अधिक तय की गई। फिर ठेका एजेंसी को लाभ पहुंचाने एसओआर से 7.50 फीसदी अधिक पर टेंडर पास किया गया। मेरा दावा है कि 6 लाख रुपए में इस तरह के दो शौचायल बनाए जा सकते हैं।
विपिन आर त्रिपाठी, आर्किटेक्ट, सतना

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