22 जनवरी 2026,

गुरुवार

Patrika LogoSwitch to English
icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

रात में गश्ती का झूठा दावा, तलाशने पर भी नहीं मिलती पुलिस

अपराधिक तत्व बेखौफ दे रहे वारदातों को अंजाम

2 min read
Google source verification
False patrol claims at night, police are not found even after searchin

False patrol claims at night, police are not found even after searchin

सतना. बस स्टैंड के पास बिरला रोड पर गुरुवार रात 12 बजे आवारा तत्वों का जमघट लगा हुआ था। जो कि शराब के नशे में बेखौफ हुडदंग मचा रहे थे। हर आने-जाने वाले छीटांकशी भी कर रहे थे। रात गश्त का दावा करने वाली पुलिस मौके से गायब थी। यही स्थिति शहर के हर चौक-चौराहों की थी। पत्रिका टीम के नाइट वॉच में पुलिस की रात गश्ती की हकीकत सामने आ गई।

पत्रिका टीम ने गुरुवार देर रात शहर सेमरिया चौक से अस्पताल चौराहा तक पहुंचे लेकिन कहीं भी पुलिस नहीं मिली और न ही डॉयल 100। अस्पताल चौराहा से सिविल लाइन चौराहा तक पहुंचे। यहां से भी पुलिस गायब थी। सिविल लाइन से वापस सर्किट हाउस, भरहुत मोड़, सेमरिया चौक लौटे लेकिन लेकिन किसी भी चौराहे पर पुलिस नहीं मिली।

एक बाइक में तीन-तीन सवार-

सिविल लाइन से धवारी की ओर एक बाइक में तीन-तीन युवक सवार हो हुडंदंग मचाते हुए जा रहे थे। इन्हें न तो कोई हाथ देने वाला था और न ही कोई पूछने वाला। रोजाना रात में शहर का यही हाल रहता है।

पुलिस की निष्क्रियता का फायदा उठा रहे रहे-

पुलिस की इस निष्क्रियता को अपराधिक तत्व जमकर फायदा उठा रहे हैं। पुलिस की रात की गश्त की हकीकत रोजाना हो रही वारदातों से भी हो रहा है। चोर एक रात में बेखौफ होकर चार से पांच दुकानों के ताले तोड़ माल पार कर रहे हैं। लेकिन इसके बाद भी पुलिस प्रशासन की नींद नहीं टूट रहीं है। इसका खामियाजा आमलोगों को भुगतना पड़ रहा है।

निजी सुरक्षा कर्मियो के भरोसे व्यापारी-

शहर के मुख्य बाजार पन्नी लाल चौक, लालता चौक, हनुमान चौक सहित अन्य में भी पुलिस मौजूद नहीं थी। दुकानों के सामने निजी सुरक्षा कर्मी जरुर तैनात थे। जो कि व्यापारियों द्वारा अपनी दुकानों की सुरक्षा के लिए तैनात किए गए थे। सुरक्षा कर्मियों ने बताया, जब कभी कोई बड़ी वारदात होती है तब पुलिस गश्त करने आती है।