1 मई 2026,

शुक्रवार

Patrika Logo
Switch to English
home_icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

WCR: जून में भी नहीं चलेंगी ये चार पैसेंजर गाड़ियां, इन स्टेशन के यात्रियों की बढ़ेगी परेशानी

नाउम्मीद: फिर ठगे गए छोटे स्टेशन के यात्री

2 min read
Google source verification

सतना

image

Suresh Mishra

May 29, 2018

Satna-Itarsi Passenger big news in hindi

Satna-Itarsi Passenger big news in hindi

सतना। पश्चिम मध्य रेल जबलपुर मंडल ने एक बार फिर चार पैसेंजर ट्रेनों को नहीं चलाने का फैसला किया है। मंडल के एक आदेश के मुताबिक सतना से चलने वाली चार गाडि़यों को जून तक के लिए रद्द कर दिया गया है। सतना एरिया के अधिकारियों को उम्मीद थी कि भीड़भाड़ की स्थिति व छोटे स्टेशन के यात्रियों को होने वाली असुविधा को देखते हुए जून से चारों पैसेंजर ट्रेनें चलाई जाएंगी, लेकिन सोमवार को जारी एक आदेश में मंडल ने साफ कर दिया कि पहले से ऑफ ट्रैक चारों ट्रेनों को फिलहाल जून तक पटरी पर नहीं दौड़ाया जाएगा।

ये है मामला
गौरतलब है कि उत्तर रेलवे के वाराणसी सुरिवां के बीच ट्रैक अपग्रेडेशन कार्य के चलते एक दिन पहले रेलवे ने लम्बी दूरी की एक दर्जन ट्रेनों को दो से सात दिन तक रद्द कर दिया था। रेलवे का दावा है कि मुम्बई-हावड़ा रेलखंड पर पर्याप्त स्पेशल ट्रेन चलने से यात्रियों को ज्यादा असुविधा नहीं होगी। वहीं रेलवे के दावों के उलट सतना से गुजरने वाली किसी भी ट्रेन में यात्रियों को कंफर्म टिकट व अंदर बैठने की जगह नहीं मिल रही।

राजस्व नहीं मिलने पर बंद की गाड़ियां
रेलवे के अनुसार, रेलपथ यातायात में अनुरक्षण कार्य के चलते ट्रेनों को रद्द करने का फैसला किया गया है। रद्द होने वाली गाडि़यों में अप डाउन सतना-इटारसी व सतना कटनी की चार पैसेंजर गाडि़यां शामिल हैं। छोटे स्टेशनों के यात्रियों को 1 से 30 जून तक चार पैसेंजर ट्रेनों की सेवा एक बार फिर नहीं मिलेगी। उक्त चारों गाडि़यां बीते कई माह से मेगा ब्लॉक के नाम पर बंद हैं।

ये गाड़ियां हुई बंद
गाड़ी संख्या 51673 इटारसी-सतना, 51674 सतना-इटारसी, 51767 कटनी-सतना व 51768 सतना-कटनी एक माह तक बंद रहेंगी। जबकि पहले की तरह ही गाड़ी 51671/72 इटारसी-सतना-इटारसी चलती रहेगी जो इस रूट के सभी स्टेशनों पर खड़ी होगी। जानकारों के अनुसार उक्त ट्रेनों से रेलवे को उम्मीद के मुताबिक राजस्व नहीं मिलता लिहाजा हर माह इन्हें बंद कर दिए जाने का एेलान कर दिया जाता है।