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ब्लैक फंगस: फैल गई थी पुतली, घूमना बंद कर दी थी आंख, वृद्ध की मौत

लगातार बिगड़ती जा रही थी हालत, नहीं हो रहा था सुधार

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Black fungus: the pupil had spread, the eye had stopped moving,

ब्लैक फंगस: फैल गई थी पुतली, घूमना बंद कर दी थी आंख, वृद्ध की मौत

शहडोल. जिले में अब ब्लैक फंगस के मामले भी सामने आने लगे हैं। मेडिकल कॉलेज में भर्ती कोरोना संक्रमित वृद्ध ने ब्लैक फंगस की चपेट में आने के बाद दम तोड़ दिया है। वृद्ध की हालत लगातार बिगड़ती जा रही थी। वृद्ध की लगातार हालत बिगड़ती गई और इलाज के दौरान दम तोड़ दिया। बताया गया कि वृद्ध की आंख घूमना पूरी तरह से बंद कर दी थी। इसके अलावा पुतली पूरी तरह फैल गई थी। साथ ही वृद्ध के शरीर का एक अंग पैरालिसिस की चपेट में भी आ गया था। गौरतलब है कि शहर के पुरानी बस्ती निवासी 65 वर्षीय वृद्ध में ब्लैक फंगस की पुष्टि हुई थी। मरीज हाइरिस्क के साथ डायबिटीज भी था। ब्लैक फंगस के लक्षण मिलने पर सुबह अस्पताल प्रबंधन ने इएनटी विशेषज्ञों के साथ जिला अस्पताल के डॉ वीएस बारिया को बुलाकर जांच कराई थी। इसके बाद कॉलेज प्रबंधन ने रविवार की देर शाम मरीज में ब्लैक फंगस की पुष्टि की थी। डॉक्टरों ने इलाज के लिए मेडिकल कॉलेज जबलपुर के लिए रेफर कर दिया था लेकिन परिजन ले जाना नहीं चाह रहे थे। अस्पताल प्रबंधन के अनुसार, मरीज नागपुर भी पूर्व में इलाज कराने गए हुए थे, तभी संक्रमण की चपेट में आ गए थे।


मेडिकल कॉलेज के साथ जिला अस्पताल से भी विशेषज्ञ पहुंचे
मेडिकल कॉलेज के डॉक्टरों की निगरानी में इलाज किया जा रहा था। कलेक्टर के निर्देश पर जिला अस्पताल के वरिष्ठ नेत्र रोग विशेषज्ञ वीएस वारिया भी मेडिकल कॉलेज पहुंचकर जांच की थी। डॉ वारिया ने जबलपुर मेडिकल कॉलेज के विशेषज्ञों से बातचीत करते हुए इलाज देने के साथ रेफर करने की भी बात कही थी लेकिन परिजन भी नाजुक हालत होने के चलते ले जाने से हाथ खड़े कर दिए थे।
&एक मरीज में ब्लैक फंगस की पुष्टि हुई थी। मरीज को बचाने का हरसंभव प्रयास किया लेकिन मौत हो गई।
डॉ. नागेन्द्र सिंह, अधीक्षक, मेडिकल कॉलेज, शहडोल