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कोयला परिवहन के नाम पर ट्रांसपोर्टर से धोखाधड़ी, आराटीओं ने एसपी से की शिकायत

आरटीओ ने कहा- पहले भी ऐसे मामलों में संलिप्त रहा है युवक

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कोयला परिवहन के नाम पर ट्रांसपोर्टर से धोखाधड़ी, आराटीओं ने एसपी से की शिकायत

कोयला परिवहन के नाम पर ट्रांसपोर्टर से धोखाधड़ी, आराटीओं ने एसपी से की शिकायत

शहडोल. जिला परिवहन कार्यालय में इन दिनों बिचौलियों का कब्जा है। आरटीओ के नाम पर एक कोयला ट्रांसपोर्टर से 50 हजार रुपए लेने का मामला सामने आया है। क्षेत्रीय परिवहन अधिकारी ने दलाल के खिलाफ कार्रवाई के लिए पुलिस अधीक्षक को पत्र लिखा है। आरटीओ ने पत्र में उल्लेख किया है कि युवक ने कोयला परिवहनकर्ता विवेकानंद शर्मा निवासी अनूपपुर से 50 हजार रुपए फर्जी तरीके से स्वयं के खाते में डलवाए हैं। परिवहनकर्ता ने थाने में भी शिकायत की है। आरटीओ ने बताया कि उक्त युवक पहले भी ऐसे मामलों में संलिप्त रहा है। कभी परिवहन विभाग तो कभी पुलिस विभाग के नाम पर ठगी करता है। पूर्व में भी ऐसे मामलों में समझाइश देने पर युवक ने मेरे खिलाफ ही सोहागपुर थाने में शिकायत दर्ज करा दी थी। आरटीओ ने एसपी से कार्रवाई का आग्रह किया है।
कर्मचारियों की भी गठजोड़
आरटीओ कार्यालय में इन दिनों अधिकांश काम बिचौलियों के माध्यम से ही हो रहे हैं। लाइसेंस ऑनलाइन प्रक्रिया में होने के बाद भी दफ्तर जाने के बाद ही आगे की प्रक्रिया होती है। हाल ही में पत्रिका ने स्टिंग में भी गठजोड़ उजागर की थी। इसमें एक बिचौलिए ने विकलांग का लाइसेंस बिना लाए बनवाने की बात कही थी। पूर्व में भी कई मामलों में अधिकारी-कर्मचारियों की भी गठजोड़ सामने आई है। इसके पहले भी दलालों के माध्यम से आरटीओ संबंधी कार्य बिचौलिओं के द्वारा किया जाता था। जिसमे वाहनों का बीमा, लाइसेंस, परमिट व रजिस्ट्रेशन जैसे कार्यो को किया जाता था। आरटीओ कार्यालय में किसी भी कार्य कराने के लिए फीस निर्धारित नहीं है। एजेंट व दलाल मनमाना फीस वसूल कर लोगों के कार्य करा रहे हैं।