17 जनवरी 2026,

शनिवार

Patrika LogoSwitch to English
icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

जिला जेल में विधिक साक्षरता शिविर आयोजित

जिला जेल का न्यायाधीशों ने किया निरीक्षण

2 min read
Google source verification
Legal literacy camp organized in district jail

Legal literacy camp organized in district jail

शहडोल. जिला एवं सत्र न्यायाधीश एवं अध्यक्ष जिला विधिक सेवा प्राधिकरण आरके सिंह के निर्देशन में जिला न्यायालय में पदस्थ प्रथम अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश अविनाश चन्द्र तिवारी, अपर जिला न्यायाधीश एवं सचिव जिला विधिक सेवा प्राधिकरण अनूप कुमार त्रिपाठी एवं जिला विधिक सहायता अधिकारी बीडी दीक्षित द्वारा जिला जेल का निरीक्षण किया गया इसके बाद विचाराधीन बंदियों के बीच बंदियों के अधिकार एवं प्ली बारगेनिंग विषय पर विधिक साक्षरता शिविर का आयोजन किया गया। शिविर में बंदियों को विधिक सहायता प्राप्त करने के अधिकार से अवगत कराते हुए अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश अविनाश चन्द्र तिवारी ने प्ली बारगेनिंग की प्रक्रिया विचाराधीन बंदियों को समझाई, तथा धारा 436 ए के आलोक में प्रकरणों की समीक्षा की गई । लगभग 120 विचाराधीन बंदियों को संबोधित करते हुए उन्होंने कहा कि सभी अभिरक्षा के बंदियों को नि:शुल्क विधिक सहायता प्रदान किए जाने का विधि का प्रावधान है, तथा जिला विधिक सेवा प्राधिकरण सदैव विधिक सलाह एवं सहायता प्रदान करने के लिए तत्पर है ।
सचिव जिला विधिक सेवा प्राधिकरण ने बताया कि प्ली बारगेनिंग दाण्डिक मामले का समझौते के आधार पर अंतिम निराकरण के लिए एक उपबंध है। यदि कोई अभियुक्त जिसके विरूद्ध न्यायालय में कोई मामला चल रहा है और 18 वर्ष की उम्र से अधिक है तथा ऐसा मामला 7 वर्ष से अधिक कारावास से दंडनीय न हो तथा महिलाओं और बच्चों के विरूद्ध न हो देश की सामाजिक और आर्थिक स्थिति को प्रभावित करने वाला न हो , ऐसे मामलों में अभियुक्त प्ली बारगेनिंग प्रक्रिया का लाभ उठा सकता है। उन्होने बताया कि इसका लाभ यह है कि अभियुक्त अपराध के लिए निर्धारित दण्ड की अधिकतम सजा में से एक चौथाई सजा से दंडित किया जाएगा ।
जिला विधिक सहायता अधिकारी बीडी दीक्षित ने विधिक सहायता के अंतर्गत जिला विधिक सेवा प्राधिकरण द्वारा बंदियों के प्रकरणों में नियुक्त किए जाने वाले पैनल लायर्स द्वारा की गई पैरवी के संबंध में बंदियों से जानकारी ली तथा उन्हें नि:शुल्क और सक्षम विधिक सलाह और सहायता प्राप्त करने के अधिकार के बारे में जानकारी दी। इस दौरान विधिक साक्षरता शिविर जेलर आरएच राठौर व जेल के अधिकारी मुख्य प्रहरी रामभरोसे गौतम, पैरालीगल वालेंटियर ज्ञानेन्द्र शुक्ला तथा अन्य जेल स्टाफ उपस्थित रहे।