शहडोल. गोहपारू पुलिस ने एकमाह पूर्व हुई हत्या की गुत्थी सुलझा ली है। मामले में चार आरोपियों को पुलिस ने गिरफ्तार किया है। आरोपियों की निशानदेही पर हत्या में प्रयुक्त डंडा सहित अन्य सामग्री बरामद की गई है। आरोपियों ने सिर पर डंडा मारकर युवक की हत्या कर दी थी, इसके बाद उसका शव सोन नदी स्थित स्टॉप डेम में फेंक दिया था। घटना के कुछ दिन बाद मृतक का शव मिलने पर आरोपी बीजापुर छत्तीसगढ़ भाग गए थे और वहां मजूदरी करने लगे थे। जानकारी के अनुसार 20 अगस्त को सुमित्रा सिंह गोंड़ पति राम प्रकाश 28 वर्ष निवासी सोनटोला ने गोहपारू थाना में पति राम प्रकाश उर्फ मंजा महाराज के गुम होने की शिकायत दर्ज कराई थी। सूचना पर गुमइंसान कायम कर पुलिस गुमशुदा की पता तलाश कर रही थी। इसी दौरान 23 अगस्त को गुमशुदा का शव ग्राम कुंवरसेझा के चटहा घाट सोननदी में मिला था। मामले में पुलिस ने मर्ग कायम कर शव का पीएम कराते हुए मामले को जांच में लिया था। मामले में पुलिस अधीक्षक कुमार प्रतीक ने 10,000 रुपए का इनाम घोषित किया था। विवेचना के दौरान तथ्यों व साक्ष्यों के आधार पर गोहपारू पुलिस संदेही बबलू सिंह एवं छोटेलाल सिंह की पतासाजी में जुट गई। दोनों संदेही मृतक का शव सोन नदी में मिलने के बाद बीजापुर छत्तीसगढ़ भाग गए थे और वहां मजदूरी करने लगा था। संदेहियों की तलाश के लिए पुलिस टीम गठित कर बीजापुर छग रवाना किया गया तो संदेही वहां से भाग आए थे। आरोपियों की तलाश में जुटी गोहपारू पुलिस ने संदेही छोटेलाल सिंह एवं बबलू उर्फ गुण्डा सिंह दोनों निवासी ग्राम सोनटोला को जंगल से पकड़ा। पूछताछ के दौरान आरोपियों ने साथी तीरथ सिंह एवं शिवा उर्फ शिवप्रसाद सिंह के साथ मिलकर छोटेलाल सिंह के घर के सामने मृतक रामप्रकाश उर्फ मंजा महाराज को बेड़ा व बांस के डंडा से सिर में गंभीर चोट पहुंचाकर हत्या करना और मृतक का शव कंधे मे उठाकर सोननदी स्टाप डेम के पास पानी में फेंकना स्वीकार किया। आरोपी शिवा सिंह ने मृतक के मोबाइल एवं चप्पल को मुर्धवा नाला मे फेंक दिया था। आरोपियों की निशानदेही पर घटना में प्रयुक्त बेड़ा व डंडा बरामद कर लिया गया है। कार्रवाई में थाना प्रभारी गोहपारू मो समीर के नेतृत्व में उनि आरपी वर्मा, सउनि बिपिन बागरी, दयाराम दुबे, प्रआर राजवेन्द्र सिंह एवं आर गुरूदयाल उइके की महत्वपूर्ण भूमिका रही।