सीकर जिले के उद्योग नगर थाना इलाके में 18 व 19 साल के चार युवकों द्वारा रुपयों के लिए 15 वर्षीय स्कूली छात्र के अपहरण का सनसनीखेज मामला सामने आया है।
सीकर। जिले के उद्योग नगर थाना इलाके में 18 व 19 साल के चार युवकों द्वारा रुपयों के लिए 15 वर्षीय स्कूली छात्र के अपहरण का सनसनीखेज मामला सामने आया है। बदमाशों ने छात्र को किडनी निकालकर जान से मारने की धमकी देते हुए उसका वीडियो बनाया। अपने बचाव के लिए अपहरण के बाद गाड़ी भी बदली। गनीमत से छात्र बदमाशों को गच्चा देकर भाग छूटा। परिजनों की सूचना पर पुलिस ने तीन घंटे में ही चार बदमाशों को गिरफ्तार कर लिया।
उद्योग नगर थानाधिकारी मनोज कुमार ने बताया कि आरोपी झुंझुनूं का बिसाउ व हाल निवासी शिवसिंहपुरा निवासी उज्जवल श्योरान उर्फ जोनी (18) पुत्र नाथुराम, थोई का झाड़ली व हाल नवलगढ़ रोड निवासी राजीव खैरवा (18) पुत्र राजेन्द्र सिहं व हर्षल कुमार (18) पुत्र सुभाष तथा झुंझुनूं के नवलगढ़ का बीदसर व हाल नवलगढ़ रोड निवासी पियूष उर्फ चीन्टु (19) पुत्र अरविन्द कुमार है। आरोपियों से पूछताछ की जा रही है।
थानाधिकारी ने बताया कि झुंझुनूं के गोठड़ा निवासी श्रीचंद्र गढ़वाल ने 12 मई को रिपोर्ट देकर बताया कि वह सीकर में किराये के मकान में रहता है। दोपहर करीब दो बजे उसका भतीजा निजी स्कूल से घर आ रहा था। तभी एसएस मार्ट से पहले टी पॉइंट पर एक बिना नंबर की काले रंग की कार उसके पास आकर रुकी। उसमें तीन युवक बैठे थे। उन्होंने युबी का रास्ता पूछने के बहाने उसे जबरदस्ती कार में डाल लिया और गलियों में घुमाने लगे। कुछ देर बाद एक युवक ने फोन कर दूसरी जीप मंगाई और उसे उसमें बिठा दिया। अकेले ड्राइवर वाली जीप में बिठाते समय उसे घर जाकर रुपयों की व्यवस्था करने की धमकी दी। ऐसा नहीं करने पर जान से मारने की धमकी दी। बाद में जीप चालक उसे नवलगढ़ रोड की तरफ ले गया।
रिपोर्ट में बताया कि जीप चालक भतीजे को नवलगढ़- झुंझुनूं बायपास पर ले गया। यहां महाराजा सूरजमल गेट के सामने चालक के फोन आने पर बात करने लगा। इसी बीच मौका पाकर बच्चा गाड़ी से भाग निकला। इस दौरान कार सवार युवक भी उसके पीछे आए, लेकिन तब तक वह सड़क पार कर अपने घर की तरफ पहुंच गया। इसके बाद बहुत घबराहट में उसने परिजनों को आपबीती बताई।
रिपोर्ट के अनुसार छात्र ने बताया कि कार सवार बदमाश उज्जवल व पियूष के नाम से आपस में बात कर रहे थे। वे उसके पेट का वीडियो बनाकर उसकी जांच करते हुए किडनी निकालने की बात कर रहे थे। रुपयों की जरुरत होने की बात कहते हुए वे उसे जयपुर ले जाने की बात भी कर रहे थे।
थानाधिकारी ने बताया कि रिपोर्ट के आधार पर उनकी अगुआई में एक स्पेशल टीम का गठन कर बदमाशों की तलाश शुरू की गई। उनके संभावित रास्तों के सीसीटीवी कैमर खंगालते हुए आरोपियों की पहचान कर अलग-अलग जगह दबिश देकर चारों को गिरफ्तार कर लिया गया। वारदात में काम ली गई कार व एसयूवी को भी जब्त कर लिया गया। टीम में कांस्टेबल महावीर प्रसाद, बलवीर व साइबर सैल के अंकुर की अहम भूमिका रही
थानाधिकारी ने बताया कि आरोपियों में राजीव नीट की तैयारी कर रहा है। उज्जवल व हर्षल बीए प्रथम वर्ष के छात्र हैं। इसी तरह पियूष एक रेस्टोरेंट में काम करता है। वारदात के लिए काम में ली गई बिना नंबर की कार उज्जवल की मां के नाम पाई गई है। जीप पियूष रेस्टोरेंट मालिक से लाया था।