
नीमकाथाना. अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश भारत भूषण गुप्ता ने झीराणा में चार वर्ष पहले हुई महिला की हत्या के मामले में बुधवार को चार आरोपितों को उम्रकैद की सजा सुनाई है। न्यायालय ने इस मामले में पांच आरोपितों को बरी कर दिया।
एपीपी मातादीन मीणा ने बताया कि ममता पत्नी पूर्णमल शाम को अपने परिवार जनों के साथ घर पर बैठी थी। इसी दौरान आरोपित श्योदान उर्फ छोटू, नेकीराम, किशनलाल, मोहनलाल, प्रहलाद, दयाचंद, पतासी, धोली व सजना जमीन विवाद को लेकर गाली गलौच करते हुए उनके घर में घुस गए तथा ममता के साथ मारपीट करने लग गए। इन लोगों ने ममता के परिवार के अन्य लोगों से भी मारपीट की। लाठी, बरछी व फावड़े से हुए हमले में ममता की मौत हो गई।
मामले में पीडि़त परिवार ने आरोपितों के खिलाफ मामला दर्ज करवाया। पुलिस ने जांच के बाद नौ जनों के खिलाफ न्यायालय में आरोप पत्र पेश किया। न्यायालय ने मामले की सुनवाई करते हुए आरोपित मोहनलाल,नेकीराम, श्योदान उर्फ छोटू व किशनलाल को आजीवन कारावास की सजा सुनाई है। इस मामले में आरोपित प्रहलाद,दयालचंद,पतासी, धोली व सजना को संदेह के आधार पर बरी कर दिया गया।
सभी को सजा मिलने पर मिलती शांति
ममता के ससुर चौथूराम ने कहा कि कोर्ट ने चार आरोपितों को आजीवन कारावास की सजा सुनाकर न्याय किया है। उन्होंने बताया कि इस मामले में बरी हुए आरोपितों के खिलाफ वे हाईकोर्ट में अपील करेंगे। फैसले के दौरान आरोपितों के परिजनों की भीड़ एकत्रित हो गई।
मृतका का पति पुलिस में है तैनात
मृतका ममता का पति पूर्णमल पुलिस में तैनात है। उसके पांच पुत्रियां व एक पुत्र है। मां की हत्या के बाद सभी अपने दादा दादी के साथ ही पढ़ाई कर रहे है।
Updated on:
26 Oct 2017 02:08 pm
Published on:
26 Oct 2017 12:33 pm

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