
सीकर.
जीवन है अनमोल
नशा कर गाड़ी का स्टेयरिंग थामने वाले लोगों को इसकी कीमत जान देकर चुकानी पड़ रही है। स्थिति यह है कि पिछले तीन साल में दस हजार से ज्यादा वाहन चालकों को पुलिस ने पकड़ा है। जो कि, शराब के नशे में धुत्त थे और बावजूद इसके सडक़ों पर तेज गति से गाड़ी को दौड़ा रहे थे। इनमें कई तो ऐसे मिले जिनके, कदम तक सडक़ पर नहीं टिक रहे थे। जबकि स्टेयरिंग उनके हाथ में होने से गाड़ी में सवार अन्य सवारियों की जान भी उन्हीं के हाथों में हिचकोले खा रही थी।
केस-1
दादिया के बस स्टेंड पर कुछ दिनों पहले पकड़ में आई लोक परिवहन की बस को पुलिस ने रूकवाया तो उसका चालक गोम सिंह शराब के नशे में मिला। उसने क्षमता से अधिक सवारियां तो बस में भर ही रखी थी। बस की गति भी 90 किलोमीटर प्रतिघंटे की रफ्तार की मिली। जिसे बाद में सीज कर दिया गया।
केस-2
खंडेला में भी टूटी सडक़ों पर तेज गति से दौड़ रही निजी बस को रूकवाया गया तो यहां भी बस के चालक केशर ने शराब पी रखी थी। बाद में मौके पहुंचे प्रशासनिक अधिकारियों ने बस को सीज किया।
पकड़ में आए शराबी चालक
वर्ष संख्या
2015 478
2016 2703
2017 6893
चयनित खिलाडिय़ों को मिलेगा निशुल्क प्रशिक्षण
सीकर.
राजस्थान राज्य क्रीड़ा परिषद की ओर से प्रदेश की खेल अकादमियों में के चयन के लिए एक से 15 मई तक जयपुर स्थित सवाईमान सिंह स्टेडियम में ट्रायल होगी। जिला खेल अधिकारी उदयभान सिंह रावत ने बताया कि वॉलीबाल बालक व बालिका वर्ग में एक से दो मई, तीरंदाजी दो से तीन मई, साईक्लिंग बालक व हैण्डबॉल बालिका वर्ग तीन से चार मई, हॉकी बालक व बालिका वर्ग चार से पांच मई, एथलेटिक्स बालक व बालिका वर्ग एवं कुश्ती बालक वर्ग में पांच से छह मई, बास्केटबॉल बालक, बालिका व सीनियर वर्ग में 12 से 13 मई, कबड्डी बालक वर्ग में 13 से 14 मई एवं फुटबॉल बालक व बालिका वर्ग में 14 से 15 मई को ट्रायल होगी। राज्य स्तरीय प्रतियोगिताओं में तीन साल से लगातार पदक प्राप्त करने वाले खिलाडिय़ों को प्राथमिकता दी जाएगी। ट्रायल में शामिल होने वाले खिलाडिय़ों का राजस्थान का मूल निवासी होना आवश्यक है। ट्रायल में शामिल होने के लिए खिलाडिय़ों को 24 अप्रेल तक सांवली रोड स्थित स्टेडियम में आवेदन पत्र जमा कराने होंगे।
Published on:
20 Apr 2018 12:02 pm
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