
Road construction Company plant in forest department land fatehpur
एक महीने पहले नोटिस दिया लेकिन अभी तक जमीन खाली नहीं की कंपनी ने
जिस जमीन पर प्लांट लगाया उसका पहले से चल रहा कोर्ट में मामला
संदीप हुड्डा सीकर. गांवों में वन विभाग की भूमि पर बसी कॉलोनियों के छोटे छोटे कामो में भी रोड़े अटकाने वाले वन विभाग की नाक के नीचे कंस्ट्रक्शन कंपनी ने विभाग की जमीन पर ही अपना प्लांट लगा लिया। करोड़ों की रोड बना रही कंपनी का यह प्लांट यहां करीब दो महीने से चल भी रहा है। खास बात यह है कि कंपनी ने जहां प्लांट लगाया है वह जगह वन विभाग के कार्यालय के ठीक पास में ही है।
उस जमीन का मामले पहले से ही कोर्ट में मामला चल रहा है ऐसे में सवाल यह है कि इस जमीन पर प्लांट कैसे लगाने दिया गया? वन विभाग ने बीड़ को भेड़ प्रजनन केंद्र को लीज पर दे रखा है। भेड़ प्रजनन केंद्र की ओर से कंपनी को नोटिस भी दिया गया लेकिन अभी तक प्लांट की जगह खाली नहीं की गई है। जानकारी के मुताबिक फतेहपुर में बाइपास से लेकर पुराने सिनेमा हॉल तक सीसी रोड का काम चल रहा है।
इस काम का ठेका बीआर कंस्ट्रक्शन नाम की कंपनी के पास है। कंपनी ने फतेहपुर बीहड़ में वन विभाग के ऑफिस के पास ही जमीन पर अपना प्लांट लगा लिया। यहीं पर कच्चा माल डाला गया है। रोड के लिए सीमेंट कांक्रीट का माल तैयार होता है। इस जमीन के लिए एक महीने पहले ही भेडफ़ार्म ने कंपनी को नोटिस दिया था कि यहां प्लांट गलत जगह लगाया गया है। बीड़ की इस जमीन के सार संभाल की जिम्मेदार भेड़ प्रजनन केंद्र की ही है।
बड़ा सवाल: आखिर आंखें मूंद कर क्यों बैठा रहा विभाग?
बड़ा सवाल यह है कि जब वन विभाग के ऑफिस के पास ही यह प्लांट लग रहा था तब विभाग ने क्यों नहीं रोका। अन्य जगहों पर तो विभाग के कर्मचारी बिजली की लाइन तक नहीं डालने देते। जमीन को लेकर तो पहले से ही मामला कोर्ट में चल रहा है और वन विभाग इसको खाली कराना चाहता है तो फिर यहां प्लांट क्यों लगाने दिया गया?
06 करोड़ की रोड बना रही है कंस्ट्रक्शन कंपनी
फतेहपुर शहर
को लंबे समय से कोतवाली तिराहे से पुराने सिनेमा हॉल तक रोड का इंतजार था। इस रोड के लिए सार्वजनिक निर्माण विभाग ने छह करोड़ रुपए पास किए थे। इस रोड का टेंडर इस कंपनी को मिला था। कंपनी ने करीब दो महीने पहले यहां काम शुरू किया और तब से यह प्लांट वन विभाग की जमीन पर ही चल रहा है।
हमने ठेकेदार को नोटिस दे दिया है। वन विभाग ने जिस दिन लिखा था उसी दिन नोटिस दे दिया गया था। खाली करवाने की कवायद आगे बढ़ाएंगे।
डॉ रामेश्वर सिंह, उपनिदेशक भेड़ प्रजनन केंद्र
हमें विभाग की ओर से कोई नोटिस नहीं मिला है। हमें पता नहीं था कि जमीन वन विभाग की है। खाली जगह थी तो लगा लिया।
अमित पारीक, डायरेक्टर बीआर कंस्ट्रेक्शन
हमने आठ जून को ही भेड़ प्रजनन केंद्र को लिख दिया था कि इस जमीन में गैर वानिकि कार्य हो रहा है तो इसको खाली करवाया जाए। इसके बाद दुबारा भी लिखा लेकिन खाली नहीं हुई। खाली करवाने की जिम्मेदारी भेड़ प्रजनन केंद्र की है।
संदीप लोयल, क्षेत्रीय वन अधिकारी फतेहपुर
Published on:
26 Sept 2018 12:43 pm

बड़ी खबरें
View Allसीकर
राजस्थान न्यूज़
ट्रेंडिंग
