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अपने शौक को कॅरियर बनाया

एक दौर था जब ऊन के गोले में रिश्तों की गर्माहट बसती थी। जब से मार्केट में एक से बढ़कर एक रेडिमेड स्वेटर और स्कार्फ आने शुरू हुए हैं, बुनाई, कढ़ाई और क्रोशिया कला धीरे-धीरे विलुप्त होती जा रही है। ऐसे में उदयपुर की दृष्टि भट्ट इस कला को आगे बढ़ा रही हैं।

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Aug 08, 2023
अपने शौक को कॅरियर बनाया

स्टार्टअप के सफर में मुश्किलों का सामना करते हुए आपको अपनी मंजिल तक पहुंचना होगा। यह कहना है उदयपुर की दृष्टि भट्ट का जिनका डिजाइनर कपड़ों का स्टार्टअप है। इसकी शुरुआत दृष्टि ने दो साल पहले की थी। कोरोना के मुश्किल समय में जब लोग अपनी नौकरी के लिए जूझ रहे थे, तब दृष्टि को इस स्टार्टअप का आइडिया आया।
अपने शौक को कॅरियर बनाया
दृष्टि बताती हैं, उनका बिजनेस शुरू करने का मन भी था तो, अपनी मां को ही पार्टनर बनाकर बिजनेस शुरू कर दिया। 25 साल की दृष्टि पहले इंजीनियर या पायलट बनना चाहती थीं, लेकिन बाद में उन्हें लगा कि यह उनके लिए नहीं है। वह डिजाइनिंग और एम्ब्रॉयडरी में ज्यादा रुचि रखती थीं, तो बड़ौदा से टेक्सटाइल एंड अपेरल में ग्रेजुएशन किया। फिर एक कंपनी में कुछ समय के लिए काम किया, लेकिन कोरोना में जब वह क्वारंटीन हुई तो उनको स्टार्टअप का आइडिया आया और अपने बिजनेस के लिए रिसर्च शुरू की। इसके बाद नौकरी छोड़ कर अपना स्टार्टअप शुरू किया।
मां से प्रेरणा मिली
दृष्टि ने बताया, उनकी मां पूजा भट्ट एम्ब्रॉयडरी, आर्ट और क्राफ्ट में कुशल हैं। मां को देखकर उन्हें स्टार्टअप शुरू करने की प्रेरणा मिली। हैंड एम्ब्रॉयडरी, आर्ट और क्राफ्ट उनके डिजाइनर कपड़ों की खासियत है। हैंडमेड डायरी, बुक माक्र्स, क्र ोशिया के झुमके की मांग ज्यादा है। ज्यादातर एम्ब्रॉयडरी और क्रोशिया वर्क मां-बेटी दोनों मिलकर ही करती हैं।

Published on:
08 Aug 2023 02:54 pm
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