जयपुर. धोरों की धरती राजस्थान की राजधानी जयपुर के निकट स्थित गांव भावगढ़ बंध्या में लगने वाले श्री खलकानी माता के चार दिवसीय गर्दभ मेले की अपनी अनूठी ही विशेषता है। गर्दभ मेला अथवा गधा मेला के नाम से पहचाना जाने वाला यह मेला देश ही नहीं बल्कि एशिया में भी लगने वाला पहला ऐसा मेला है, जो केवल गधों के लिए ही आयोजित किया जाता है। जयपुर नगर निगम और खलकानी माता मानव सेवा संस्थान के सामूहिक सहयोग से प्रतिवर्ष आयोजित किए जाने वाले इस ऐतिहासिक मेले का आगाज इस बार 9 अक्टूबर से होगा। मेले के पहले दिन उद्घाटन समारोह आयोजित होगा। संस्थान के संरक्षक ठा. उम्मेद सिंह राजावत ने बताया कि मेले में दूर-दराज के गांवों सहित प्रदेशभर से लोग भाग लेने के लिए आते हैं। कार्यक्रम के समापन 12 अक्टूबर को होगा। वार्ड पार्षद सुभाष शर्मा ने बताया कि मेले की तैयारियां शुरू हो गई है। मेला स्थल पर साफ-सफाई की जा रही है। नगर निगम की ओर से मेले में आने वाले पशुपालकों के लिए लाइट व पानी की व्यवस्था की जाएगी।
फाइल फोटो