श्रीकरणपुर. श्रद्धालुओं के लिए खुशखबर है कि तीन साल बाद आखिर अनुराग कला निकेतन की ओर से इस बार रामलीला का मंचन की तैयारियां शुरू कर दी गई हैं। मंचन समिति पदाधिकारियों व कलाकारों की ओर से मंगलवार रात पूजा-अर्चना के बाद ध्वज स्थापना की गई।
जानकारी अनुसार अनुराग कला निकेतन के मंचन स्थल पर भूमि पूजन व ध्वज स्थापना का कार्यक्रम हुआ। मौके पर पंडित ऋषि शर्मा ने पूजा-अर्चना करवाई। इस अवसर पर हनुमान चालीसा का पाठ व सामूहिक आरती की गई। कार्यक्रम में समिति अध्यक्ष राजकुमार मुंजाल, कोषाध्यक्ष पीके गुप्ता, वरिष्ठ कलाकार व संरक्षक दुलीचंद मित्तल, गोल्डी तनेजा, नरेन्द्र बंसल लाला, नवनीत भारद्वाज, मनु भारद्वाज, अविनाश नारंग, सूर्यप्रकाश, मोहित सुखीजा व जुगेश बतरा आदि शामिल हुए। तीन साल बाद हो रहे आयोजन (रामलीला) को लेकर कलाकारों में भी उत्साह नजर आया और मंचन स्थल हनुमान जी व जय सिया राम के जयघोष से गूंज उठा।
नई ड्रेसेज व साज-सज्जा के साथ होगा मंचन
मंचन समिति अध्यक्ष मुंजाल ने बताया कि अक्टूबर माह में नवरात्र स्थापना से पहले ही रामलीला का मंचन शुरू किया जाएगा। इससे पहले करीब सवा माह तक रिहर्सल की जाएगी। मुंजाल ने बताया कि इस बार मंच पर नई साज-सज्जा तथा कलाकारों की सुसज्जित नई वेशभूषा से रामलीला मंचित की जाएगी। वहीं, नई तकनीक से जुड़े उपकरण भी शामिल किए जाएंगे।
कोरोना की लीला, नहीं हुई रामलीला
आपको बता दें कि यहां के अनुराग कला निकेतन के मंच पर 67 साल पहले रामलीला का मंचन शुरू किया गया था लेकिन पिछले तीन साल से यह बंद था। अध्यक्ष मुंजाल ने बताया कि कोरोना के चलते वर्ष 2020 में इसका मंचन नहीं हो पाया। इसके बाद वर्ष 2021 व 2022 में भी रामलीला की बजाय संगीतमयी श्रीराम कथा हुई और इसमें प्रसंग विशेष के साथ सचेतन झांकियों का प्रदर्शन भी किया गया लेकिन रामलीला का मंचन नहीं होने से श्रद्धालुओं में निराशा रही।