26 जुलाई 2026,

रविवार

Patrika Logo
home_icon

होम

इनस्टॉल ऐप

ई-पेपर

video_icon

शॉर्ट्स

profile_icon

प्रोफाइल

अफीम तस्कर को पांच साल की सजा, दूसरा मफरूर घोषित

- नौ साल पहले हिन्दुमलकोट पुलिस ने की थी धरपकड़
less than 1 minute read
Google source verification

श्रीगंगानगर. अफीम तस्करी के एक मामले में एनडीपीएस प्रकरणों की स्पेशल कोर्ट ने एक आरोपी को दोषी ठहराते हुए पांच साल के कठोर कारावास और 20 हजार रुपए जुर्माने की सजा सुनाई है जबकि दूसरे आरोपी को गैरहाजिर रहने पर मफरूर घोषित किया गया है। यह फैसला मंगलवार को स्पेशल जज अजय कुमार भोजक ने सुनाया। विशिष्ट लोक अभियोजक विजेन्द्र कुमार घिंटाला ने बताया कि 27 सितंबर 2016 को हिन्दुमलकोट थानाधिकारी रमेश सर्वटा ने मुखबिर की सूचना पर दो संदिग्धों से पूछताछ की थी। पूछताछ में एक आरोपी की पहचान सीकर जिले के खंडेला क्षेत्र के गांव सालवाड़ी निवासी 58 वर्षीय फूलचंद डबास और दूसरे की पहचान नीमकाथाना क्षेत्र के गांव खेड़ावाला बालाजी निवासी 30 वर्षीय महेन्द्र कुमार डाकौत के रूप में हुई। पुलिस ने दोनों के कब्जे से एक बैग में रखी 250 ग्राम अफीम और 210 रुपए नकद बरामद कर उन्हें गिरफ्तार किया था। मामले में सुनवाई के दौरान आरोपी महेन्द्र कुमार के गैरहाजिर रहने पर अदालत ने उसे मफरूर घोषित कर दिया। वहीं, आरोपी फूलचंद को एनडीपीएस एक्ट के तहत दोषी मानते हुए पांच साल के कठोर कारावास के साथ 20 हजार रुपए जुर्माने की सजा सुनाई गई।