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कचरा प्वांइट से किसान हो रहे परेशान, प्रदुषित हो रहा वातावरण

कचरा डंपिंग प्वाइंट से बीस हजार लोग प्रभावित छह जेड में साढ़े दस बीघा भूमि में बना है कचरा प्वाइंट से उड़ी पॉलीथिन से खेत अटे  

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garbage area

श्रीगंगानगर.

शहर से सटे चक छह जेड में नगर परिषद की तरफ से साढ़े दस बीघा भूमि में बनाए गए कचरा प्वाइंट से आसपास के किसान और 12 कॉलोनियों के करीब बीस हजार लोग परेशान हैं। कचरा प्वाइंट से पॉलीथिन उड़कर खेतों में जा रहा है जिससे फसल उग नहीं पा रही।
अगर उग भी जाए तो उसकी सार संभाल और काटते समय किसानों को काफी मुश्किलों का सामना करना पड़ता है। वहीं कचरा प्वाइंट में हर समय आग लगी से प्रदूषित धुआं उड़ता रहता है, इससे आसपास का पूरा वातावरण दूषित हो गया है।


यहां के किसानों ने बताया कि 2015 में नगर परिषद का किसानों के साथ हुए समझौते के दौरान पास ही स्थित दो बीघा में बनी हड्डारोड़ी को हटाया गया था और इसके स्थान पर पार्क स्थापित किया गया। साथ ही इस साढ़े दस बीघा भूमि की पांच फीट ऊंची दीवार कर छोड़ी गई थी। लेकिन समझौते के थोड़े समय बाद ही पुलिस के साथ आई नगर परिषद की टीम ने चारदीवारी को तोड़कर यहां कचरा डालना शुरू कर दिया। तभी कचरा डंपिंग स्टेशन बना हुआ है।


अब इस कचरा स्टेशन से पूरे दिन पॉलीथिन उड़कर खेतों में जाती है जिससे फसलें प्रभावित हो रही है। वहीं यहां 24 घंटे जलने वाले पॉलीथिन और अन्य कचरे की बदबू से आसपास का पूरा क्षेत्र प्रभावित है।


ये कॉलोनियां हो रही प्रभावित
कचरा डंपिंग स्टेशन से उडऩे वाले धुएं से ग्रीन वैली, मेट्रो सिटी, शालीमार बाग, गुलाबी बाग, कुंजविहार प्रथम, कुंज विहार द्वितीय, अंबिका इन्कलेव प्रथम, अंबिका इन्कलेव द्वितीय, आठ जेड, छह जेड, छह जेड ए, ग्राम पंचायत दस जेड के करीब बीस हजार लोग प्रभावित हो रहे हैं।


मच्छर और मक्खियों की भरमार
इस समय फसल कटाई के बाद धूप और लू चलने की स्थिति में हर साल मच्छर खत्म हो जाते थे। लेकिन अब इस कचरा प्वाइंट के कारण मच्छरों और मक्खियों की भरमार है। कचरा प्वाइंट से एक किलोमीटर दूरी तक इतनी मक्खियां है कि वहां दस मिनट भी नहीं रुका जा सकता।


इनका कहना है
दो मई को छह जेड के कचरा डंपिंग स्टेशन में लगाई गई आग से उड़ी चिंगारी के कारण उसके साढ़े बारह बीघा खेत में पड़ा गेहूं का भूसा जल गया। इससे करीब चालीस से पचास हजार रुपए का नुकसान हो गया। अधिकारियों को समस्या से कई बार अवगत कराया जा चुका परन्तु सुनवाई नहीं हुई।
राजकुमार सैनी,
किसान छह जेड ए।


कचरा डंपिंग स्टेशन में आ रहे कचरे को आए दिन नगर परिषद कार्मिक और कचरा बीनने वाले लोग आग लगा देते हैं। इससे यहां के पूरे क्षेत्र में भारी प्रदूषण फैल जाता है। धुएं के कारण किसान और आसपास की कॉलोनियों के लोग परेशान हो रहे हैं।
जगमोहन सिंह सैनी,
किसान छह जेड ए।


कचरा डंपिंग स्टेशन में शहर से आ रहा पॉलीथिन उड़कर खेतों में जा रहा है। इससे हमारी जमीनें खराब हो रही है, क्योंकि ऐसा कोई रसायन नहीं है जिससे पॉलीथिन नष्ट हो। प्रदूषण की समस्या झेल रहे हैं वह अलग से। ऐसे में हम जाएं तो जाएं कहां।
जगदीश बुडानिया, किसान
छह जेड ए।


कचरा डंपिंग स्टेशन में रोजाना आग लगी रहती है। यहां पॉलीथिन, कचरा, टायर सहित अन्य वस्तुएं जलती रहती है। इससे दूषित धुआं दिनभर उठता है। मच्छर-मक्खियों से भी आमजन परेशान है। प्रदूषण के चलते जीना प्रभावित हो रहा है। कई बार गुहार के बावजूद सुनवाई नहीं हो रही।
परविंद्र सिंह, निवासी अंबिका इन्कलेव।