श्रीगंगानगर। एसएसबी रोड पर सीसी सड़क क्षतिग्रस्त होने पर अब फिर से सार्वजनिक निर्माण विभाग के निर्देश पर ठेके कंपनी ने मरम्मत का कार्य शुरू किया है। करीब पौने आठ करोड़ खर्च कर बनाई सीसी सड़क के चंद दिनों बाद सड़क से कंकरीट निकलने लगी। इस पर सार्वजनिक निर्माण विभाग हरकत में आया और ठेका कंपनी को तलब कर इस सड़क की मरम्मत का काम अब शुरू कराया है। चक 3 ई छोटी के जागरूक नागरिकों ने इस सड़क को लेकर कई बार प्रदर्शन भी किया था। पहले जब यह सड़क नहीं बनी थी तब इस सड़क को मांग को पूरा करने के लिए भी धरना प्रदर्शन किए गए थे। डेढ़ साल पहले सीसी रोड़ से बनकर तैयार हुई थी लेकिन यह सड़क कई जगह से टूटने लगी। डेढ़ साल पहले 7.73 करोड़ की लागत से पीडब्ल्यूडी विभाग ने इस सड़क का निर्माण आरएनसी ठेका कंपनी से करवाया था। लेकिन गुणवत्ता का ख्याल नहीं रखा गया। नतीजन कई जगह सड़क उखड़ने लगी। ग्रामीणों का आरोप लगाया कि पीडब्ल्यूडी के अधिकारियों और ठेकेदार कंपनी मिलीभगत से राजकोष को हानि पहुंची है। इस संबंध में पीडब्ल्यूडी के प्रमुख सचिव वैभव गलारिया को भी अवगत कराया गया। ग्रामीणों का कहना है कि मीरा चौक से गंगनहर पुल तक पूरी सड़क की मरम्मत नहीं हुई तो पीडब्ल्यूडी के अधीक्षण अभियंता और एक्सईएन के पुतले जलाकर प्रदर्शन करेंगे।
इधर, भाजयुमो के रजत स्वामी ने दावा किया कि डेढ़ साल में चौथी बार मरम्मत करवाना सिस्टम के भ्रष्टाचार को साफ तौर पर उजागर कर रहा है। इस गुणवत्ताहीन सड़क निर्माण करने पर न तो ठेकेदार फर्म को ब्लैकलिस्ट किया गया है और न ही पीडब्ल्यूडी के जिम्मेदार अधिकारियों को चार्जशीट दी गई है।
पीडब्ल्यूडी विभाग में व्याप्त भ्रष्टाचार एवं अधिकारियों के साथ ठेकेदार फर्म की मिलीभगत के कारण सड़क निर्माण में चौथी बार लीपापोती की जा रही है। राजकोष का दुरुपयोग करने वाले संबंधित अधिकारियों व ठेकेदार फर्म के विरुद्ध कार्रवाई कराई जाएगी।