
श्रीगंगानगर.
राज्य सरकार ने जीपीएफ खाते वाले ऐसे राज्यकर्मियों का ब्यौरा मांगा है, जिनका रिटायरमेंट आगामी 5 साल में होना है। राज्य बीमा एवं प्रावधायी निधि विभाग के निदेशक भंवरलाल मेहरा ने इस आशय का आदेश बुधवार को ही जारी किया है। विभाग की कोशिश है कि कार्मिकों के रिटायरमेंट के समय एक बार में ही समय पर सम्पूर्ण राशि का भुगतान किया जाए लेकिन इसके लिए उनके सहयोग की आवश्यक जताई गई है। विभाग ने पदस्थापन से आज तक के जीपीएफ अंशदान में गेप्स की पूर्ति कर ऑनलाइन किए जाने के लिए अभियान शुरू किया है, यह 31 मार्च तक चलेगा।
निदेशक मेहरा ने सभी संबंधित खातेदारों एवं उनके आहरण वितरण अधिकारियों से अपेक्षा जताई है कि वे जिला कार्यालयों से समन्वय स्थापित करें और कार्मिकों के खातों में गेप्स को पूरा करवाएं। जिला कार्यालय को कटौति पत्र, जीए 55 ए, खातेदार की विधिवत तैयार पासबुक आदि को उपलब्ध करवाने का भी कहा गया है। विभाग के अनुसार जिन राज्य कर्मचारियों के वेतन बिल पे-मैनेजर से तैयार होकर कोष कार्यालय से प्रति माह पारित हो रहे हैं, उनकी एक अप्रेल, 2012 के बाद की सभी जीपीएफ कटौतियां पूर्व में ही ऑनलाइन प्रदर्शित हो रही हैं, अब पदस्थापन से 31 मार्च, 2012 तक का लेजर ऑनलाइन किया जाना है।
जीपीएफ वाले राज्यकर्मी - 396130
5 साल में होंगे रिटायर - 118691
(राज्य में 12 जुलाई की गणना के अनुसार)
श्रीगंगानगर से रिटायर होंगे - 3209
हनुमानगढ़ से रिटायर होंगे - 2248
राज्य में सर्वाधिक जयपुर शहर से - 7862
सहयोग से ही मिलेगी सफलता
आगामी पांच साल में रिटायर होने वाले कर्मचारियों एवं उनके आहरण वितरण अधिकारियों से जरूरी दस्तावेज शीघ्र उपलब्ध करवाने का कहा जा रहा है, सभी के सहयोग से ही विभाग का अभियान सफल होगा।
आलोक अग्निहोत्री,
संयुक्त निदेशक, राज्य बीमा एवं प्रावधायी निधि विभाग।
विभाग के अनुसार जिन राज्य कर्मचारियों के वेतन बिल पे-मैनेजर से तैयार होकर कोष कार्यालय से प्रति माह पारित हो रहे हैं, उनकी एक अप्रेल, 2012 के बाद की सभी जीपीएफ कटौतियां पूर्व में ही ऑनलाइन प्रदर्शित हो रही हैं, अब पदस्थापन से 31 मार्च, 2012 तक का लेजर ऑनलाइन किया जाना है।
Published on:
21 Dec 2017 09:02 am
बड़ी खबरें
View Allश्री गंगानगर
राजस्थान न्यूज़
ट्रेंडिंग
