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भांडूत के ग्रामीणों ने निकाली रैली, मनपा को घेरा

प्रस्तावित डिस्पोजल साइट का विरोध, ज्ञापन सौंपा

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सूरत

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Vineet Sharma

Oct 01, 2018

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भांडूत के ग्रामीणों ने निकाली रैली, मनपा को घेरा

सूरत. शहर के कूड़े के निस्तारण के लिए मनपा की ओर से ओलपाड के भांडूत में डिस्पोजल साइट बनाने की कवायद का विरोध कर रहे ग्रामीणों ने सोमवार को रैली निकाली और मनपा आयुक्त तथा कलक्टर को ज्ञापन सौंपा। किसान नेता और जिला पंचायत सदस्य दर्शन नायक के नेतृत्व में ओलपाड तथा चौर्यासी के लोगों ने अडाजण में शीतल टॉकीज से मार्च किया और मनपा मुख्यालय पहुंच कर घेरा डाल दिया। मनपा आयुक्त से मामला राज्य सरकार को भेजे जाने का आश्वासन मिलने के बाद सभी लोग कलक्टर कार्यालय पहुंचे और कलक्टर को ज्ञापन सौंपा।

नेशनल ग्रीन ट्रिब्यूनल की सख्ती के बाद मनपा प्रशासन कचरे के डिस्पोजल के लिए गंभीर हुआ है। इसके लिए मनपा ने राज्य सरकार से जगह मांगी थी। राज्य सरकार से मिली जमीनों में से एक जमीन भांडूत गांव की है। इसकी जानकारी मिलने के बाद से ग्रामीणों में रोष है। सोमवार दोपहर करीब 12 बजे ओलपाड और चौर्यासी तहसील के हजारों लोग दर्शन नायक के नेतृत्व में अडाजण में शीतल टॉकीज पर जमा हुए। यहां से सभी लोगों ने रैली के रूप में पैदल मार्च शुरू किया और करीब डेढ़ बजे मनपा मुख्यालय मुगलीसराय में घेरा डाल दिया।

नायक के नेतृत्व में एक प्रतिनिधिमंडल मनपा आयुक्त एम. थेन्नारसन से मिला और पूरे मामले से अवगत कराया। आयुक्त ने पूरे मामले को समझकर इसे राज्य सरकार को भेजने का आश्वासन दिया। इसके बाद लोगों का हुजूम कलक्टर कार्यालय पहुंचा और कलक्टर को ज्ञापन सौंपा। नायक ने बताया कि वह हर हाल में कूड़े के निस्तारण के लिए भांडूत में साइट बनाने का विरोध करेंगे। इसके लिए ग्रामीणों को जागरूक किया जा रहा है।

एनएचएम कर्मियों का विरोध प्रदर्शन

वेतन बढ़ोतरी समेत विभिन्न लंबित मांगों को लेकर नेशनल हेल्थ मिशन के कर्मचारियों ने सोमवार को मक्कई पुल पर प्रदर्शन किया। बड़ी संख्या में कर्मचारी मक्कई पुल के डिवाइडर पर हाथों में बैनर थाम कर खड़े हो गए। कर्मचारियों का कहना है कि सरकार की ओर से उन्हें वेतन बढ़ोतरी का भरोसा दिया गया था और इसके लिए अधिसूचना भी जारी कर दी गई थी, लेकिन, किसी कारण से अधिसूचना को रद्द कर दिया गया। इसके बाद सरकार मांगों पर ध्यान नहीं दे रही है। पिछले 15 दिन से एनएचएम के कर्मचारी रोजाना विरोध प्रदर्शन कर रहे हैं।