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VNSGU : सिंडीकेट चुनाव की सरगर्मी तेज : सबसे अधिक मत प्राचार्यों के

वीएनएसजीयू के प्राचार्यों को मनाने का दौर शुरू

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VNSGU : सिंडीकेट चुनाव की सरगर्मी तेज : सबसे अधिक मत प्राचार्यों के

सूरत.

वीर नर्मद दक्षिण गुजरात विश्वविद्यालय के सिंडीकेट चुनाव को लेकर संबद्ध महाविद्यालयों के प्राचार्यों को मनाने का दौर शुरू हो गया है। सर्वाधिक मत प्राचार्यो के हैं।
विश्वविद्यालय के सिंडीकेट पदों के लिए 26 सितम्बर को मतदान होने वाला है। कुल 128 मतों में 55 प्राचार्यों के, 16 विभागाध्यक्षों के, 36 सीनेट सदस्यों के और बाकी विभिन्न पदाधिकारियों के हैं। फिलहाल सभी का ध्यान प्राचार्यों को मनाने पर है। प्राचार्यों ने ही महाविद्यालयों में छात्र संघ चुनाव नहीं करवाने की राय रखी थी। यह मामला सिंडीकेट में भी आया था। प्राचार्यों की राय पर सभी ने सहमति जताई थी, क्योंकि कुलपति से लेकर सिंडीकेट सदस्य तक कोई भी प्राचार्यों के खिलाफ नहीं जाना चाहता था। प्राचार्यों के खिलाफ होने से उनके मतों से हाथ धोना पड़ सकता था। सिंडीकेट चुनाव जैसे-जासे पास आ रहे हैं, सभी उम्मीदवार प्राचार्यों के बीच प्रचार-प्रसार में जुटे हैं।


कुलपति के खिलाफ खोला मोर्चा
विश्वविद्यालय के कुलपति डॉ.शिवेन्द्र गुप्ता के खिलाफ सिंडीकेट सदस्यों ने मोर्चा खोल दिया है। सिंडीकेट चुनाव को लेकर कुलपति के खिलाफ राज्यपाल से शिकायत की गई है। डॉ.गुप्ता की नियुक्ति को लेकर भावेश रबारी ने सबसे पहले शिकायत की थी। सिंडीकेट की बैठक में सदस्यों से अनबन होने के कारण कुलपति ने कई सिंडीकेट सदस्यों के खिलाफ कार्रवाई की थी। कार्रवाई को लेकर डॉ. घनश्याम रावल और डॉ.महेन्द्र चौहाण ने कुलपति के खिलाफ राज्यपाल और शिक्षामंत्री से शिकायत की थी। कुलपति के खिलाफ डॉ.रावल ने उच्च न्यायालय में भी याचिका दायर की। संजय देसाई ने कुलपति के खिलाफ राज्यपाल और प्रधानमंत्री से शिकायत की। अब डॉ.धनेष वैद्य ने कुलपति पर सिंडीकेट चुनाव में पक्षपात करने का आरोप लगाते हुए राज्यपाल से शिकायत की है। डॉ.वैद्य ने आरोप लगाया है कि कुलपति चुनाव को लेकर निष्पक्ष नहीं हैं। उम्मीदवारों के चयन में उन्होंने अहम भूमिका निभाई है। अन्य उम्मीदवारों को कार्यालय में बुलाकर धमकाया जा रहा है। कुलपति के खिलाफ जांच कर कार्रवाई की मांग की गई है।