कई वर्षों से नेकचाल सडक़ के रास्ते का विवाद चल रहा है। जिसको लेकर शहर,देवली गांव एवं आस पास क्षेत्र के हजारों लोग सडक़ रास्ते से परेशान है ।
नेकचाल सडक़ विवाद के समाधान को लेकर सेटलमेंट की टीम मय डीजीपीएस मशीन लेकर मौके पर प्वाइंट लेने आई। टीम ने देवली तहसील की राजस्व टीम, पालिका, सीआईएसएफ, खातेदार तथा देवली गांव के ग्रामीणों की मौजूदगी में डीजीपीएस मशीन से दो सौ से ज्यादा प्वाइंट लिए है। जिसकी सहायता से टीम भूमि का सीमाज्ञान बताएगी। उसके बाद नेकचाल सडक़ विवाद का निर्णय हो सकेगा।
चुनाव बहिष्कार की दी है चेतावनी
कई वर्षों से नेकचाल सडक़ के रास्ते का विवाद चल रहा है।जिसको लेकर शहर,देवली गांव एवं आस पास क्षेत्र के हजारों लोग सडक़ रास्ते से परेशान है। जिसको लेकर विगत दिनों देवली गांव के जनप्रतिनिधियों व ग्रामीणों ने विधानसभा आम चुनाव बहिष्कार की चेतावनी प्रशासन को दे रखी है।
टीम जल्द बताएगी भूमि का वास्तविक नाप
सेटलमेंट टीम टोंक से आकर ग्राम देवली के खसरा नम्बर 4106 रकबा 2.75 है. किस्म गै.मु. पाल सिवायचक का सीमाज्ञान के लिए डीजीपीएस मशीन के माध्यम से फिलहाल पॉइंट लिए है। जिसका मिलान कर जल्दी ही मौके पर दोबारा आकर भूमि के सीमाज्ञान को चिन्हित करेगी। जिसके बाद सडक़ विवाद पर खातेदारी हक का निपटारा होगा।
पत्रिका ने उठाया था मुददा
इस मुद्दे पर पत्रिका ने लगातार समाचार प्रकाशित किए है। इसके बाद मसले के समाधान को लेकर उपखंड व तहसील प्रशासन ने भू प्रबंध विभाग की सेटलमेंट टीम को सीमाज्ञान के लिए उच्चाधिकारियों को पत्र लिखा गया। मंगलवार की सेटलमेंट टीम टोंक से नेकचाल सडक़ विवाद स्थल पहुंची। टीम राजस्व रिकॉर्ड से मिलकर सीमाज्ञान तय करेगी।
ये रहे मौजूद
इस दौरान नायाब तहसीलदार शैक्तान ङ्क्षसह,गिरदावर सत्यनारायण,भंवर रणजीत ङ्क्षसह, हल्का पटवारी किशन गर्ग, पंकज जैन, रामराज जाट के अलावा पालिका के महमूद ग्रामीणजन तथा थानाधिकारी भंवर लाल मय जाप्ता मौजूद रहा।