
महिला अधिकारिता विभाग की पहल, प्रदेश के 205 पुलिस थानों में खुलेंगे महिला सुरक्षा व सहायता केंद्र
टोंक. महिलाओं की सुरक्षा एवं घरेलू हिंसा को रोकने के लिए राज्य सरकार प्रदेश के 205 पुलिस थानों में महिला अधिकारिता विभाग की और से महिला सुरक्षा व सहायता केंद्र खोले जाएंगे। इन केंद्रों के स्थापित होने से महिलाओं को घरेलू विवाद होने पर जिला मुख्यालय नहीं आना पड़ेगा। महिला अधिकारिता विभाग की सहायक निदेशक मेरिगंटन सोनी ने बताया कि टोंक जिले में 5 केंद्रों की स्थापना की जाएगी।
सहायक निदेशक ने बताया कि वर्तमान में जिला मुख्यालय के महिला थाने में एक ही महिला सुरक्षा व सहायता केंद्र संचालित हो रहा है। साथ ही, सखी सेंटर एवं वन स्टॉप सेंटर के जरिए काउस्लिंग की जाती है। उन्होंने बताया कि कलक्टर की अध्यक्षता में गठित कमेटी की और से संस्थाओं का चयन कर लिया गया है। हर केंद्र में दो परामर्शदाता नियुक्त होंगे। सदस्यों में एक सामाजिक परामर्शदाता और दूसरा विधिक परामर्शदाता होगा।
केंद्र की स्थापना एनजीओ के माध्यम से होगी
उन्होंने बताया कि नवीन महिला सुरक्षा सलाह केंद्रों में प्रथम परामर्शदाता का समाज शास्त्र, मनोविज्ञान, सामाजिक कार्य में एवं दूसरे परामर्शदाता का विधि पर स्नातक होना आवश्यक है। केंद्र की स्थापना एनजीओ के की और से तथा संस्थाओं का चयन जिला महिला समाधान समिति की और से किया जाएगा।
इन सर्किलों में खुलेंगे केंद्र
सहायक निदेशक ने बताया कि जिले की देवली, मालपुरा, निवाई, पीपलू एवं उनियारा सर्किल के थानों एक-एक महिला सुरक्षा व सलाह केंद्र खोले जाएंगे। इन केंद्रों के खुलने के बाद जिले में केंद्रों की संख्या 6 हो जाएगी।
Published on:
12 Aug 2023 11:37 am
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