
राजस्थान के सरकारी स्कूलों में मिड डे मील में राज्य सरकार ने बड़ा बदलाव किया है। मुख्यमंत्री बाल गोपाल योजना के तहत सरकारी स्कूलों में पाउडर वाले दूध की जगह अब गाय का ताजा दूध पिलाया जाएगा। इस संबंध में अतिरिक्त निदेशक माध्यमिक शिक्षा अशोक कुमार असीजा ने आदेश जारी किए है। साथ ही स्कूलों में स्वच्छता को लेकर भी विशेष आदेश जारी कर शौचालयों में नियमित साफ़-सफ़ाई रखने के निर्देश दिए हैं।
पिछले 3-4 माह से नहीं मिल रहा था दूध
पिछले करीब 3-4 महीनों से स्कूलों में मुख्यमंत्री बाल गोपाल योजना के तहत दूध पाउडर की सप्लाई नहीं हो रही थी। इससे प्रदेश के 80 फीसदी से ज्यादा स्कूलों में बच्चों को दूध नहीं मिल पा रहा था। बाकी स्कूलों में भी पाउडर का स्टॉक काफी कम बचा था। ऐसे में दूध पाउडर के लिए उच्च अधिकारियाें को मांग भेजी गई थी। वहीं, शिक्षकों ने बच्चों को गाय ताजा दूध ही पिलाने की मांग भी की थी। अब गाय का दूध मिलने से उदयपुर के 3165 स्कूलों के 4 लाख 2 हजार 161 विद्यार्थियों को इसका लाभ मिलेगा।
2022 में शुरू हुई थी योजना
पूर्व मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने बाल गोपाल योजना की शुरुआत 29 नवंबर, 2022 को की थी। इसमें कक्षा एक से पांच तक के छात्र-छात्राओं के लिए 15 ग्राम पाउडर दूध से 150 मिलीलीटर दूध और क्लास 6 से क्लास 8 के बच्चों के लिए 20 ग्राम पाउडर दूध से 200 मिलीलीटर दूध उपलब्ध होता था लेकिन अब पाउडर दूध की जगह बच्चों को गो का ताजा दूध पिलाया जाएगा। बाल गोपाल योजना के तहत मिड डे मील से जुड़े जिले के प्राइमरी विद्यालय, मदरसों और विशेष प्रशिक्षण केंद्रों पर राज्य सरकार की तरफ से दूध उपलब्ध करवाया जाता है।----
इनका कहना है..
बहुत ही सराहनीय निर्णय
गाय का ताजा दूध बच्चों के स्वास्थ्य के लिए पौष्टिक होता है। सरकार का यह निर्णय बहुत ही उपयोगी व सकारात्मक है। पाउडर दूध को बच्चे पीने में भी हिचक महसूस करते थे। बच्चों के हित में लिया गया यह बहुत बड़ा फैसला ऊपर की कमीशनखोरी को कम करने का भी उपाय है।
- बसन्त कुमार ज्याणी, प्रदेश प्रवक्ता, राजस्थान वरिष्ठ शिक्षक संघ, रेस्टा
Updated on:
10 Mar 2024 09:50 pm
Published on:
10 Mar 2024 09:49 pm
बड़ी खबरें
View Allउदयपुर
राजस्थान न्यूज़
ट्रेंडिंग
