
शाही लवाजमे संग त्रिपोलिया पहुंचेंगी गणगौरें
प्रमोद सोनी
उदयपुर . सोलह दिवसीय गणगौर पर्व के तहत रविवार को दांतन हेला पर्व मनाया गया। गणगौर पर सोमवार से गणगौरों को शोभायात्रा के रूप में चार दिन तक पिछोला किनारे स्थित गणगौर घाट पर ले जाया जाएगा और जल कुसुंबे अर्पित किए जाएंगे। इसके साथ ही पर्यटन विभाग व जिला प्रशासन के संयुक्त तत्वावधान में तीन दिवसीय मेवाड़ महोत्सव का आगाज होगा।
दांतन हेला पर्व पर शाम को विभिन्न समाजों के भवनों, नोहरों आदि में मुख्य गणगौर और ईसरजी को सजाया गया। काहर भोईवाड़ा में महिलाओं ने नोहरे में गणगौर और ईसर को शृंगार कर तैयार किया। उन्हें विभिन्न व्यंजन बनाकर भोग लगाया गया। इधर, राजमाली समाज के मंदिर में गणगौर पूजा के लिए विजया के पकोड़े बनाए गए। महिलाएं और किशोरियां आसपास के बगीचों से फूल-पाती लाई। उन्होंने पूजा-अर्चना के बाद गणगौर को लेकर घूमर नृत्य किया और भजनों के साथ रात्रि जागरण हुआ। सोमवार सुबह पुन: गणगौर की पूजा होगी और शाम को सजी-धजी गणगौरों को गणगौर घाट ले जाया जाएगा, जहां जल कुसुंबे अर्पित कर घूमर नृत्य किया जाएगा। घाट से गणगौर को पुन: अपने स्थान पर लौटेंगी। यह क्रम लगातार चार दिन तक चलेगा
आज निकलेगी सवारी
पर्यटन विभाग व जिला प्रशासन रविवार को मेवाड़ महोत्सव की तैयारियों को अन्तिम रूप देने में जुटे रहे। तीन दिवसीय आयोजन के दौरान सर्वश्रेष्ठ गणगौर शोभायात्रा का आयोजन होगा। शाम 4 बजे घंटाघर से विभिन्न समाजों की गणगौरों की सवारी निकलेगी, जो जगदीश चौक पहुंचेगी जहां घूमर होगा। इसके बाद सवारी गणगौर घाट पहुंचेंगी, जहां गणगौरों की पूजा अर्चना कर जल कुसुंबे दिए जाएंगे। इस दौरान बंसी घाट से शाम 6 बजे गणगौर बोट से गणगौर की सवारी रवाना होगी। इस बार पानी कम होने से यह गणगौर घाट तक पहुंच पाएगी। साथ ही विभिन्न नावों में पश्चिम क्षेत्र सांस्कृतिक केंद्र के कलाकार नृत्य की प्रस्तुति देते हुए पहुंचेंगे। गणगौर घाट पर बनाए गए मंच पर शाम ७ बजे सांस्कृतिक कार्यक्रम होगा जिसकी समाप्ति पर आतिशबाजी होगी। गणगौर घाट पर मेले का भी आयोजन होगा। मंगलवार शाम ७ बजे गणगौर घाट पर राजस्थानी लोक कलाकारों की प्रस्तुतियां एवं सर्वश्रेष्ठ विदेशी युगल राजस्थानी ड्रेस प्रतियोगिता होगी।
राजमाली समाज निकालेगा ईशर गणगौर की शाही सवारी
राजमाली समाज सोमवार को जयपुर की तर्ज पर लवाजमे व गणगौर की शाही पालकी के साथ तीज की शाही सवारी निकालेगा। संयोजक नारायणलाल माली ने बताया कि शाम 4 बजे बड़ा भोईवाड़ा से गणगौर की शाही सवारी निकलेगी जिसमें मुख्य आकर्षण शिव बारात व गणगणिकाएं, विभिन्न झांकियां व गणगौर नाव की प्रतिकृति आकर्षण का केंद्र रहेंगी।
Updated on:
07 Apr 2019 09:44 pm
Published on:
07 Apr 2019 09:44 pm
