2 फ़रवरी 2026,

सोमवार

Patrika Logo
Switch to English
home_icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

5वी पढ़े राजस्थान के राम की बदली किस्मत, जीता 20 करोड़ का जैकपॉट

राजस्थान का रहने वाले राम पांचवी की पढ़ाई कर 12 साल की उम्र में घर छोड़ चुका था

3 min read
Google source verification
ram_dubai_dugarpur.jpg

उमेश मेनारिया

मेनार (उदयपुर) . राजस्थान के राम की किस्मत खुल गई है। वे दुबई Dubai में खाना बनाने का काम करते है और उनको नहीं पता था कि उनकी किस्मत ऐसे खुलेंगी। पांचवीं तक पढ़े राम राजस्थान के Dungarpur डूंगरपुर जिले के आसपुर निवासी है। दुबई में अलग अलग परिवारों के लिए खाना बनाने का काम करने वाले राम को यूएई 10 मिलियन दिराम यानी भारतीय राशि करीब 20 करोड़ रुपये का जैकपॉट खुला है।

डूंगरपुर निवासी राम रावत की उम्र 41 वर्ष है जो पिछले 12 साल से दुबई में नौकरी कर रहे हैं। सामान्य रूप से उद्योगपति, सेठ साहुकारों के यहां खाना बनाकर महीने के 3 से 5 हजार दिराम कमाने वाले राम को लाइव ड्रा में 10 मिलियन दिराम का ड्रा खुला। ड्रा खुलने पर सबसे पहले उन्हें खुद को विश्ववास नही हुआ था फिर महजुज कंपनी के कर्मचारियों द्वारा फ़ोन पर जानकारी देने पर उनकी खुशी का ठिकाना नहीं रहा। जैकपॉट की सूचना मिलते ही उन्होंने अपने दुबई में रुम पार्टनर और पड़ोसियों को बताया फिर परिवार वालों को फोन पर इसकी सूचना दी तो पहली बार में किसी ने विश्वास नहीं किया। बुधवार को महजुज द्वारा आयोजित एक कार्यक्रम में राम को बुलाकर इविंग्स के सीईओ फरीद सामजी ने 10 मिलियन दिराम राशि ( 20 करोड़ रुपये ) का चैक सौंपा।

12 साल की उम्र में घर छोड़ा
गरीब परिवार से तालुकात रखने वाले 41 वर्षीय राम का बचपन कठिनाई और संघर्ष में गुजरा। राम ने महज 12 साल की उम्र में घर छोड़ दिया। हालात को देखकर पांचवी कक्षा के बाद किसान माता पिता की मदद के लिए मुंबई चला गया। राम ने मुम्बई में कैंटीन में काम से लेकर सड़क किनारे चाय और नाश्ते की स्टॉल में काम किया। गरीब परिवार होने से माता-पिता राम और तीन भाई-बहनों को पढ़ाने का खर्च नहीं उठा सकते थे। राम ने कहा कि अब ये राशि निश्चित रूप से मुझे अपने बच्चों को शिक्षित करने और उनके सफल होने का मार्ग प्रशस्त करने में मदद करेगी।

पिछले 12 साल से दुबई में कार्यरत
राम ने बताया की वे पिछले 12 साल से दुबई में खाना बनाने का काम कर रहे है। कम उम्र में ही उन्होंने पढ़ाई छोड़ कर नॉकरी की तलाश में घर छोड़ दिया। 2010 से करीब वे दुबई में अलग अलग घरों में छूटकर खाना बनाने का काम कर रहे थे। दुबई में भी उन्हें शुरुआत में कड़ा संघर्ष करना पड़ा। अलग परिवार में खाना बनाने पर उन्हें महिने के कभी 50 तो कभी 60 हजार तो कभी 80 हजार रुपये महीना मिलता था।

हर महीने कभी 2 तो कभी 3 टिकट खरीदे

राम ने बताया कि वे पिछले 24 महीने से अपनी किस्मत को इसमें आजमा रहे थे। शुरुआत में उन्होंने के एक टिकट महीने का लिया करते थे। फिर कुछ महीनो से वे कभी 2 तो कभी 3 टिकट लेकर खेलते है। आखिरकार जैकपॉट उनके नाम खुल ही गया।

सो रहा था नींद उड़ गयी , खुशी का ठिकाना नही रहा : राम

जब में सो रहा था तब मुझे महजुज से कॉल आया तो मेरी नींद उड़ गयी और मेरी खुशी का ठिकाना नहीं रहा। मैं बहुत खुश हूं में हर महीने टिकट ले रहा था लेकिन कभी सोचा नहीं था कि इस तरह ईश्वर महेरबान होगा। मैं बाकी लोगो से भी कहना चाहता हु जो भी कोशिश कर रहे है वे निरन्तर रखे एक दिन जरूर सफलता मिलेगी। इन पैसों का मैं क्या करूंगा। अभी यह नहीं कह सकता, लेकिन मैं सोच समझकर फैसला लूंगा। मैंने जो संघर्ष किया है वो मेरे परिवार वालों का नहीं करना पड़े। इसके लिए मैं काम करूंगा। अपने बच्चों का जीवन बनाने का प्रयास करूंगा। मैं सबसे पहले इंडिया जाना चाहूंगा। मेरे बच्चे मुझसे जो मांगेंगे उनको मैं दूंगा।

700 रुपए का टिकट , रामा महजुज के 22 वें करोड़पति
राम ने ग्रेंड ड्रा के वर्ष 2022 के पहले करोड़पति है जो महजुज कंपनी द्वारा ग्रेंड ड्रा के दौरान टिकट खुला। राम ने महजुज के 66 वें साप्ताहिक महज़ूज़ ग्रैंड ड्रॉ के दौरान यह टॉप पुरस्कार हासिल किया । राम ने पांच जीतने वाले नंबरों में से पांच का मिलान करने के बाद 10 मिलियन दिराम का जैकपॉट मारा, जो कि 3, 16, 19, 23 और 30 थे। अब तक खुले ड्रा में राम महज़ूज़ के 22वें करोड़पति और 2022 के पहले करोड़पति बने। महजुज ड्रा संयुक्त अरब अमीरात से अधिकृत है जिसका प्रत्येक खेल के लिए अभी शुल्क 35 दिराम यानी 700 रुपए है।

क्या बोले राम, देखे नीचे वीडियो.....

Story Loader