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महात्मा गांधी आदर्श ग्राम के ल‍िए कागटी का चयन, गांव का होगा समग्र विकास

mahatma gandhi birth anniversary गांव के लिए 17 सूत्रीय कार्ययोजना तैयार, अगले पांच वर्षों में ग्रामीणों को मिलेगी सभी सुविधाएं, नशामुक्त समाज बनाने की होगी पहल

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बांसवाड़ा जिले के झूपेल गांव का महात्मा गांधी आदर्श गांव के रूप में चयन, 5 साल में किया जाएगा विकसित

बांसवाड़ा जिले के झूपेल गांव का महात्मा गांधी आदर्श गांव के रूप में चयन, 5 साल में किया जाएगा विकसित

मानवेंद्रस‍िंह राठौड़़/ उदयपुर. राष्ट्रपिता महात्मा गांधी Mahatma Gandhi birth anniversary के 150 वें जयंती वर्ष के उपलक्ष्य में राज्य के प्रत्येक जिले में एक महात्मा गांधी आदर्श ग्राम का चयन कर उसे गांधीवादी जीवन मूल्यों के अनुरूप गांव का समग्र विकास किया जाएगा। इसके लिए उदयपुर जिले की Sayra Panchayat सायरा पंचायत समिति के कागटी गांव का चयन किया गया है। अगले पांच वर्ष में इस गांव में विकास की 17 सूत्रीय कार्ययोजना तैयार की जाएगी। राज्य सरकार हर जिले में बनने वाली एक महात्मा गांधी model village plan आदर्श ग्राम पंचायत में युवा और किसानों को जैविक खेती से जोड़ेगी और कम जल खपत वाली फसलों को बढ़ावा देने के लिए किसानों की मदद करेगी। महात्मा गांधी आदर्श ग्राम में कृषि विभाग के अधिकारियों के साथ मिलकर इस बारे में विशेष नीति तैयार कर लागू की जाएगी। इसके तहत कृषि क्षेत्र में उत्पादन क्षमता बढ़ाने का प्रयास किया जाएगा। इसके लिए उचित समय पर खाद, बीज व कीटनाशक की उपलब्धता सुनिश्चित की जाएगी। इसके अलावा जनसंख्या नियंत्रण, गर्भवती महिलाओं व धात्री महिलाओं तथा बालक-बालिकाओं के सुपोषण एवं कुपोषण की मुक्ति का प्रयास किया जाएगा। पहला सुख निरोगी काया के लक्ष्य को ध्यान में रखते हुए गांव की सभी गर्भवती माताओं व बच्चों के स्वास्थ्य की जांच एवं टीकाकरण किया जाएगा। शिक्षा को बढ़ावा देकर बालक-बालिकाओं को कौशल प्रशिक्षण कार्यक्रमों से जोड़ा जाएगा। गांव में पेयजल, सडक़, बिजली आदि सुविधा उपलब्ध कराने के प्रयास होंगे।

पांच वर्षीय योजना में यह भी होगा
गांव में नशामुक्त समाज बनाने के प्रयास होंगे। इसके तहत धूम्रपान, तम्बाकु एवं अन्य नशीले पदार्थों के सेवन पर प्रतिबंध लगाया जाएगा। गांव के समस्त प्राकृतिक संसाधनों जैसे कुंओं, बावड़ी, तालाब, नदी, चरागाह, गोचर, ओरण,जगंल, जमीन, पहाड़ आदि का संरक्षण किया जाएगा। साथ ही वन्यजीवों, वनस्पतियों एवं जैव विविधता के संरक्षण और संवद्र्धन पर खासा जोर दिया जाएगा। गांव में ऐतिहासिक धरोहरों, धार्मिक स्थलों का विकास, बिजली, पानी, सडक़, स्कूल, खेल मैदान, पार्क, स्वास्थ्य केन्द्र, संचार के साधन, बैंक, मण्डी एवं हाट बाजार की सुविधाएं उपलब्ध कराई जानी है। गांव में स्वच्छता के पूरे प्रबंध होंगे। इसके लिए हर माह सामूहिक श्रमदान और स्वच्छता अभियान चलाया जाएगा।

किसानों को दिया जाएगा प्रशिक्षण
किसानों को बागवानी और जैविक खेती से जोडऩे के लिए कृषि विभाग के अधिकारी विशेष प्रशिक्षण शिविर लगाएंगे। किसानों को कम जल खपत वाली फसलों से जोडऩे के लिए युवाओं को भी इसके लिए प्रेरित किया जाएगा। रोजगार के लिए कृषि भूमि पर निर्भरता को कम करने के लिए संबंधित ग्राम में गैर कृषि क्षेत्र को बढ़ावा दिया जाएगा। इसमें युवाओं को रोजगार से जोडऩे के लिए स्वयं सहायता समूहों का गठन, विभिन्न आर्थिक गतिविधियों के चयन तथा समूहों को बैंक से ऋण दिलाने के लिए भी राज्य सरकार कार्य करेगी। महात्मा गांधी आदर्श ग्राम में रोजगार सृजन और सामुदायिक सम्पत्ति निर्माण के सभी कार्यक्रमों को जनहित में जवाबदेह तरीके से लागू करने के प्रयास भी किए जाएंगे।

ग्रामीण विकास एवं पंचायतीराज विकास विभाग ने राष्ट्रपिता महात्मा गांधी के 150 वें जयंती वर्ष के उपलक्ष्य में महात्मा गांधी आदर्श ग्राम के रूप में कागटी गांव का चयन किया है। इस गांव के वाश‍िंदों को मूलभूत सुविधाएं मुहैया कराने की कार्ययोजना तैयार की है। सभी विभागों की जवाबदेही तय की गई है। कृषि विभाग को भी ग्रामीणों को बागवानी और जैविक खेती से जोडऩे तथा कम पानी की खपत वाली फसलें उगाने की जिम्मेदारी सौंपी है।
-डॉ. एनके सिंह, कृषि उप निदेशक (विस्तार)


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