
passport seva kendra
केन्द्रीय विदेश मंत्री सुषमा स्वराज की उदयपुर में पासपोर्ट सेवा केन्द्र (पीएसके) की सार्वजनिक घोषणा व ट्वीट कर बधाई देने के बावजूद दिल्ली में बैठे अधिकारियों की ढिलाई से अब तक पीएसके शुरू नहीं हो पाया है। विदेश मंत्री की घोषणा के 14 माह बाद भी दिल्ली से अधिकारियों ने यहां दौरा नहीं किया।
नगर निगम ने बेशकीमती भवन सुपुर्द कर कई बार खामियों के बारे में पूछा ताकि उसे दुरुस्त करा दिया जाए। अधिकारियों की ढिलाई के चलते इसका उद्घाटन खिसकता जा रहा है। पहले मार्च और बाद में सितम्बर में इसकी उम्मीद जगी, लेकिन कामकाज को देखते हुए इस वर्ष शुरू होने के आसार नजर नहीं आ रहे हैं।
इधर, मंत्री की घोषणा पर सांसद अर्जुनलाल मीणा व गृहमंत्री गुलाबचंद कटारिया पीएसके उदयपुर लाने की वाहवाही लूट रहे थे लेकिन इसके अब तक शुरू नहीं होने पर वे भी मौन बैठे गए हैं। गौरतलब है कि मार्च 2012 में उदयपुर में पासपोर्ट आवेदन होने की व्यवस्था बंद होने के बाद लगातार चार वर्षों तक पत्रिका ने क्यू छीना उडऩे का हक अभियान के साथ सिलसिलेवार खबरें प्रकाशित कर जनभावनाओं को दिल्ली तक पहुंचाया था। अभियान से जनता व जनप्रतिनिधियों को जोड़ा गया। इसी कड़ी में गत 1 जून को उदयपुर प्रवास के दौरान आई विदेश मंत्री सुषमा स्वराज ने पासपोर्ट सेवा केन्द्र की घोषणा की थी।
मंत्री के पीएसके खोलने की स्वीकृति के बावजूद उदयपुर में दो मेगा पासपोर्ट शिविर लग चुके हैं। 4 से 7 अगस्त तक लगने वाले शिविर एक अगस्त से अप्वाइंमेंट दिए जा रहे हैं। हालत यह है कि साइट खुलने के महज एक या दो मिनट में ही 175 लोगों को अप्वाइंटमेंट दे दिए गए। यहां पर पासपोर्ट बनवाने के इच्छुक लोगों की लम्बी कतार है। 1.05 करोड़ की जनसंख्या वाला उदयपुर संभाग 45827 वर्ग किलोमीटर के क्षेत्रफल फैला हुआ है। यहां आईआईएम सहित कई विश्वविद्यालय, मेडिकल एवं इंजीनियरिंग तथा नर्सिंग कॉलेज भी हैं और पर्यटन की दृष्टि से भी विश्व के मानचित्र के पटल पर उदयपुर अग्रिणी है और यहां पर पीएसके की सख्त जरूरत है।
सुषमा ने दी थी बधाई
गत 4 फरवरी को राजस्थान पत्रिका के उदयपुर कार्यालय से विदेश मंत्री सुषमा स्वराज को ट्वीट कर उदयपुर में पासपोर्ट सेवा केन्द्र की फाइल को जल्द से जल्द स्वीकृति के लिए आग्रह किया था। ट्वीट पर पत्रिका में 3 फरवरी को पेज-2 पर छपी 'शहर को पीएसके का मिलेगा तोहफाÓ खबर की इमेज भी अटैच की गई। इस पर मंत्री ने ट्वीट पर हाथोंहाथ जवाब देते हुए फाइल नम्बर पूछा लिया। इसके बाद 'उदयपुर में पासपोर्ट कार्यालय के प्रस्ताव को सहमति दी जा चुकी है, आप खुश रहे-सुषमा स्वराज जवाब मिला। इस जवाब से विदेश मंत्री स्वराज ने केन्द्र सरकार की ओर से फाइल पर अनुमोदन कर स्वीकृति जारी कर दी। इसके बाद पीएसके उदयपुर का सेटअप तैयार करने का जिम्मा मंत्रालय के अधिकारियों का था लेकिन उन्होंने पांच माह से अधिक का समय निकाल दिया। वे अब तक उदयपुर भी नहीं आए।
Published on:
03 Aug 2016 06:07 pm
बड़ी खबरें
View Allट्रेंडिंग
