
घर से चलेगा उदयपुर शहर कांग्रेस का कार्यालय!
अभिषेक श्रीवास्तव
सियासत में सब वाजिब है। जब भी मौका मिले दिल का गुबार निकालने में नेता पीछे नहीं रहते हैं। उदयपुर शहर कांग्रेस के साथ भी कुछ ऐसा ही हुआ। मौका था शहर कांग्रेस जिलाध्यक्ष के पदस्थापन समारोह का। भीड़ जुटी, मंच पर सभी गुटों का मजमा भी लगा, लेकिन जब बोलने की बारी आई तो एक स्थानीय नेता ने पिछले सालों की गतिविधियों पर ही सवाल खड़ा कर दिया। पूछा तीन साल तक संगठन का गठन क्यों नहीं हुआ? कार्यकर्ताओं को तवज्जों क्यों नहीं दी गई। उसी नेता ने पिछले चुनाव में शहर उम्मीदवार को मिले टिकट पर भी निशाना साध दिया। हालांकि दिल का गुबार निकला तो साथ चलने की बातें हुई। बातों ही बातों में बताया गया कि अब शहर कांग्रेस का कार्यालय नए जिलाध्यक्ष के घर से चलेगा। ऐसे में यह भी चर्चा का विषय बन गया कि उदयपुर जैसे शहर में पार्टी के पास अपना कार्यालय तक नहीं है।
खैर, उदयपुर सीट को लेकर हर रोज नया शिगूफा सामने आ ही जा रहा है। यहां दौरे पर आईं पूर्व मुख्यमंत्री वसुंधरा राजे से एक वरिष्ठ अधिवक्ता ने उदयपुर से चुनाव लड़ने की मंशा के बारे में पूछ लिया। इस पर वसुन्धरा राजे ने कहा मुझे यहां से कौन जिताएगा।
वैसे, पिछला सप्ताह मेवाड़-वागड़ के कई जिलों में नए जिलाध्यक्षों के पदस्थापन के नाम ही रहा। चित्तौड़गढ़ की बात करें तो यहां कांग्रेस और भाजपा के जिलाध्यक्षों ने पदभार ग्रहण कर लिया। कांग्रेस जिलाध्यक्ष ने अपने पदस्थापन समारोह में अनुशासन का पाठ पढ़ाया। वहीं भाजपा जिलाध्यक्ष के कार्यभार ग्रहण समारोह में प्रदेश अध्यक्ष सीपी जोशी भी शामिल हुए। उन्होंने लाल डायरी को लेकर सवाल उठाया।
राजसमंद की बात करें तो 15वीं विधानसभा के मानसून (8वें) सत्र में राजसमंद से भाजपा विधायक दीप्ति किरण माहेश्वरी एक्टिव नजर आईं, वहीं कुम्भलगढ़ से विपक्ष के विधायक सुरेन्द्र सिंह राठौड़ मौन रहे। भीम से कांग्रेस एमएलए सुदर्शन सिंह रावत ने तीन सवाल अपनी सरकार से पूछे, जबकि माहेश्वरी ने 99 सवालों से सरकार को घेरने की कोशिश की। इधर, कांग्रेस ने मणिपुर हिंसा और अराजकता के मुद्दे पर बुधवार को कलक्ट्रेट को घेरा और वहां के मौजूदा हालात को डबल इंजन सरकार की विफलता बताया। प्रदर्शन में जिलेभर से कांग्रेस नेता व कार्यकर्ता जुटे।
Published on:
27 Jul 2023 09:58 pm
बड़ी खबरें
View Allउदयपुर
राजस्थान न्यूज़
ट्रेंडिंग
