
फलासिया. पंचायत समिति क्षेत्र में जेतावाड़ा पंचायत की महिलाओं को उज्ज्वला गैस योजना का लाभ नहीं मिलने की खबर पत्रिका में प्रकाशित होते ही हडक़म्प मच गया। कोटड़ा की गैस एजेंसी के संचालक ने तुरत-फुरत तीन पात्र महिलाओं को गैस सिलेंडर और चूल्हे किट उनके घर पहुंचा दिए। इधर खेरवाड़ा की भारत गैस एजेंसी के मार्फत भी कई पात्र महिलाएं हैं, जिन्हें अब तक योजना का लाभ नहीं मिल पा रहा है। कई महिलाओं के नाम सूची में नहीं होने के बावजूद बिचौलिए बरगला रहे हैं। राजस्थान पत्रिका ने शुक्रवार के अंक में जेतावाड़ा पंचायत के सवा सौ से ज्यादा महिलाओं की परेशानी उजागर की थी।
इससे रसद विभाग सहित योजना की मॉनिटरिंग कर रहे जिम्मेदारों में हडक़म्प मच गया। कोटड़ा की वल्लभ इंडेन गैस एजेंसी की ओर से पंचायत की तीन पात्र महिलाओं के घरों में हाथोंहाथ गैस किट पहुंचा दिए गए। इसके साथ ही अन्य आवेदक महिलाओं को भी राहत मिलने की आस बंधी है। इधर सूत्रों का कहना है कि एक ही नाम की सात से ज्यादा महिलाएं होने के कारण सिलेंडर व चूल्हे का वितरण नहं किया जा सका था। अभी भी कई पात्र महिलाएं योजना से वंचित हैं। कारण खेरवाड़ा की नीलकंठ भारत गैस एजेंसी है। उसे भी यहां की महिलाओं को टंकी-चूल्हा देना था।
पता करवाकर देंगे कनेक्शन
फलासिया क्षेत्र में हमारी एजेंसी से उज्ज्वला योजना तहत टंकी-चूल्हा वितरण करने की जिम्मेदारी होने की जानकारी नहीं है। पता लगवा कर जल्द पात्र महिलाओं तक टंकी-चूल्हा पहुंचाने का प्रयास करूंगा।
एस.के. सिंह, नीलकंठ भारत गैस एजेंसी, खेरवाड़ा
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जयसमंद-मेवल-सराड़ा की जलापूर्ति फिर ठप
जयसमंद. तीन माह से वेतन नहीं मिलने से आक्रोशित श्रमिकों ने गुरुवार रात नौ बजे से जयसमंद-मेवल-सराड़ा पेयजल परियोजना की जल सप्लाई ठप कर दी। इससे इन क्षेत्रों के दर्जनों गांवों में दूसरे ही दिन परेशानी खड़ी हो गई। श्रमिक यूनियन के दिलीपकुमार मीणा ने बताया कि गत 26 दिसम्बर को हुए समझौते के बावजूद विभाग के अधिकारियों व ठेकेदार ने भुगतान नहीं किया। इस बार अनिश्चित समय के लिए सप्लाई ठप की है। जब तक भुगतान नहीं होता, क्षेत्र में जल आपूर्ति ठप रहेगी।
Updated on:
13 Jan 2018 08:15 pm
Published on:
13 Jan 2018 05:47 pm
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