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इनके लिए बॉडी बिल्डिंग महज शौक नहीं, बल्कि जुनून…

किसी ने एक तिहाई जिंदगी व्यायाम को दे दी तो किसी ने विश्व स्तर पर किया नाम रोशन, ये शरीर के साधक हैं, मशीन भी हांफ जाती है इनकी साधना के आगे

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आशीष एस. सक्सेना@उज्जैन. उभरे हुए ट्राय-बाय शेप, चौड़े कंधे, 6 पेक और कपड़ों में तनता सीना... बॉडी-शॉडी बनाकर टशन में रहना कई युवाओं का शगल है, लेकिन कुछ एेसे भी शरीर के तपस्वी होते हैं, जिनके लिए बॉडी बिल्डिंग महज शौक नहीं बल्कि जुनून, या इससे भी बढ़कर लत बन चुका है। भारी-भरकम उम्बल्स और लोहे की मशीनों के बीच यह रोज घंटों तक अपने शरीर को तपाते हैं, तब जाकर मसल्स का कनक निखरता है। ... ये शरीर के साधक हैं, जिनकी साधना के आगे लोहे की मशीनें भी हाफ जाती हैं।

नगर निगम की ओर से कार्तिक मेले में आयोजित अखिल भारतीय मेयर ट्रॉफी में मप्र सहित गुजरात, गोवा, महराष्ट्र आदि प्रदेशों से एक से बढ़कर एक शरीर साधक शामिल हुए हैं। इनमें से कई एेसे हैं, जिन्होंने अपने अब तक के जीवन का एक तिहाई से अधिक समय बॉडी बिल्डिंग में लगा दिया हैं। अपने प्रदेशों में तो इन्होंने नाम कमाया ही है, कुछ एेसे भी हैं, जिन्होंने राष्ट्रीय और अंतराष्ट्रीय स्तर पर प्रदेश-देश को गौरवान्वित किया है। आधा-एक इंच मसल्स उभारने के पीछे इनकी वर्षों की मेहनत छिपी है। रोज घंटों की मेहनत, हर महीने हजारों रुपए का डाइट खर्च और अपने कठारे शरीर की किसी नाजुक फूल से ज्यादा हिफाजत के बाद यह प्रोफेशनल बॉडी बिल्डर बन पाते हैं। आम दिनों में शरीर के लिए कड़ी मेहनत और खान-पान का विशेष ध्यान रखना पड़ता है वहीं स्पर्धा से पहले यह तप और भी बढ़ जाता है।

नेवैद्य शेटकर, गोवा
उम्र- 29 वर्ष
कैटेगरी - 85 से 90 किलोग्राम ग्रुप
डाइट- चिकन व अंडे
उपलब्धी- तीन बार मिस्टर गोवा, नगर निगम मेयर ट्रॅाफी 2011 में सिल्वर मेडल
नेवैद्य 12 वर्ष से जिम कर रहे हैं और रोज औसत 3 घंटे एक्सरसाइज करते हैं। वे कहते हैं, मैं एक्सरसाइज का लती हो चुका हूं। मेरा सपना, प्रो-कार्ड खेलना है।

राजकुमार यादव, भोपाल, मप्र
उम्र- 38 वर्ष
कैटेगरी - 70 किलोग्राम ग्रुप
डाइट- चिकन व अंडे
उपलब्धी- मिस्टर एमपी 2017
राजकुमार दो वर्ष से लगातार जिम कर रहे हैं और रोज औसत 5 घंटे एक्सरसाइज करते हैं। वे कहते हैं, मेरा सपना वल्र्ड चैम्पियनशिप में भारत का प्रतिनिधित्व करना है और इसके लिए मैं जी-जान लगा दूंगा।

संतोष शुक्ला, महाराष्ट्र
उम्र- 27 वर्ष
कैटेगरी-70 केजी ग्रुप
डाइट- एक किलो चिकन व 15-20 अंडे रोज
उपलब्धी-मिस्टर इंडिया 2017, जूनियर मिस्टर इंडिया 2015, महाराष्ट्र गोल्य 2015 से 17 तक।
5 वर्ष से रोज 3-4 घंटे एक्सरसाइज कर रहे हैं। संतोष कहते हैं, बॉडी बिल्डिंग एक जुनून है, तपस्या है।

सुनील सोलंकी, रतलाम, मप्र
उम्र- 32 वर्ष
कैटेगरी - 85 किलोग्राम ग्रुप
डाइट- चिकन व अंडे
उपलब्धी- मिस्टर एमपी 2012 व 2014, ऑल ओवर में सेकंड पॉजीशन
सुनील 8 वर्ष से जिम कर रहे हैं और रोज 4 घंटे एक्सरसाइज करते हैं। उनका अगला लक्ष्य मिस्टर इंडिया बनना है।

सिकंदर खान भोपाल, मप्र
उम्र- 34 वर्ष
कैटेगरी - 85 से 90 किलोग्राम ग्रुप
डाइट- एक किलो चिकन व अंडे रोज
उपलब्धी- मिस्टर एमपी 2017 व बेस्ट पोजर अवार्ड। इंस्ट्रक्टर हैं।
सिकंदर 10 वर्ष से जिम कर रहे हैं और रोज एक्सरसाइज को औसत 4 घंटे देते हैं। वे कहते हैं, मैं मिस्टर इंडिया का खिताब पाना चाहता हूं।

दिनेश कामले, महाराष्ट्र
उम्र- 33 वर्ष
कैटेगरी - 70 किलोग्राम ग्रुप
डाइट- एक किलो चिकन व 25 अंडे रोज
उपलब्धी- ब्राजील में मिस्टर वल्र्ड 2014 (ब्राउंस) , मिस्टर एशिया 2018 (सिल्वर), मिस्टर इंडिया 2012 व 2018, दो बार मिस्टर इंडिया ओवर ऑल।
दिनेश 13 वर्ष से जिम कर रहे हैं और रोज औसत चार घंटे एक्सरसाइज करते हैं। उनका सपना प्रो कार्ड है।

स्पर्धा के 3 महीने पहले से कठोर होने लगती है साधना
1 मौसम कैसा भी हो प्रोफेशनल बॉडी बिल्डर्स को रोज नियमित एक्सरसाइज करना ही पड़ती है। कुछ दिन की गेप उन्हें महीनों पीछे पहुंचा देती है।

2 रोज एक्सरसाइज के अलावा किसी स्पर्धा में भाग लेने के तीन महीने पहले से इसकी तैयारी में जुटना पड़ता है। इसके लिए तीन महीने पहले से प्रोटीन बढ़ाना और कार्बोहाइड्रेड व चर्बी कम करने में जुटना पड़ता है। आम दिनों में दो तो स्पर्धा के लिए चार घंटे व्यायाम करते हैं।

3 प्रोटीन बढ़ाने के लिए बॉइल्ड चिकन व अंडे का उपयोग अधिक करते हैं। कार्बोहाइड्रेड व वसा चर्बी कम करने के लिए रोटी-चावल, दाल आदि का उपयोग कम करने लगते हैं।

4 स्पर्धा के एक सप्ताह पहले से शरीर में सोडियम (नमक) पहुंचाना बंद कर देते हैं। सामान्य भोजन पूरी तरह बंद करना पड़ता है। सिर्फ बॉइल्ड चिकन व अंडे ही खाते हैं। पानी भी कम पीते हैं।

5 स्पर्धा के दो दिन पहले से पानी पीना लगभग बंद कर देते हैं। अधिक प्यास लगने पर नीबू का टुकड़ा मुंह में रख लेते हैं। इस दौरान कमजोरी को शरीर प्रदर्शन के लिए बेहतर माना जाता है।

6 चर्बी की कमी होने से मसल्स, कट अधिक दिखते हैं वहीं पानी व सोडियम की कमी से नसें उभरकर नजर आती हैं जो शरीर को आयरन मेन की तरह दिखाती है।