13 जनवरी 2026,

मंगलवार

Patrika LogoSwitch to English
home_icon

होम

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

खाद बेचने के लाइसेंस के लिए यह डिप्लोमा होना जरूरी

केंद्र सरकार के नए निर्देश के बाद कीटनाशक व खाद बिक्री करने वाले व्यापारियों में हड़कंप मच गई है।

2 min read
Google source verification
patrika

License,instruction,manure,nagda news,diploma,

नागदा. केंद्र सरकार के नए निर्देश के बाद कीटनाशक व खाद बिक्री करने वाले व्यापारियों में हड़कंप मच गई है। हाल ही में केंद्र सरकार ने इन दुकानदारों के लिए नए मापदंड तैयार किए है। इसके अनुसार कृषि या विज्ञान विषय के डिग्री व डिप्लोमाधारी ही खाद व कीटनाशक की दुकान के लिए लाइसेंस प्राप्त कर सकेंगे। विभाग द्वारा डिग्री के आधार पर ही लाइसेंस दिया जाएगा। नए निर्देश के बाद स्थानीय खाद बीज दुकानदारों में हड़कंप की स्थिति निर्मित हो गई है। कारण नागदा-खाचरौद विकासखंड में ६५ लाइसेंसधारी दुकानदार है, जिनमें से मुश्किल से १० व्यापारियों के पास भी जरुरी डिप्लोमा नहीं है। ऐसे में इन्हें अब आगे दुकानों का लाइसेंस जारी रखने के लिए आवश्यक डिप्लोमा या डिग्री हासिल करनी होगी या फिर डिप्लोमाधारी कर्मचारियों को नौकरी पर रखना होगा।
दो साल में लेनी होगी डिग्री : केंद्र सरकार के नए नियम के तहत पुराने दुकान संचालकों को कृषि या विज्ञान विषय में डिग्री या डिप्लोमा अनिवार्य किया गया है। अधिनियम के तहत ऐसे दुकानदार जो सरकार के मापदंड पर खरे नहीं उतर रहे है। उन्हें दो साल के भीतर कृषि या विज्ञान विषय में स्नातक या डिप्लोमा प्राप्त करना होगा। या फिर दुकान में उपरोक्त डिग्री या डिप्लोमाधारी कर्मचारी रखना पड़ेगा।
किसान व बेरोजगारों को मिलेगा फायदा
केंद्र सरकार के नए मापदंड से डिप्लोमा एवं डिग्रीधारी नौजवानों को रोजगार मिल सकेंगे, वहीं किसानों को भी अच्छी दवाईयां मिल सकेगी। विकासखंड में खाद-बीज, कीटनाशक वाले अधिकांश दुकानदारों के पास लाइसेंस तो है, लेकिन न तो उनके पास कृषि संबंधी पर्याप्त जानकारी है, और ना ही उन्हें नए-नए कृषि संबंधी उर्वरकों खादों की जानकारी है। ऐसे में दुकान संचालक द्वारा जानकारी के अभाव में किसानों को गलत दवा या सलाह दे देते हैं। जिससे किसानों की फसल प्रभावित होती है और किसानों को नुकसान उठाना पड़ता है।
रजिस्टर्ड कंपनी से मिलेगी डिग्री
ऐसे व्यापारी जिनके पास डिग्री या डिप्लोमा नहीं है, उन्हें डिप्लोमा हासिल करने के लिए केंद्र सरकार द्वारा मौका दिया जा रहा है। इसके लिए कृषि विभाग द्वारा आवेदन भी मांग लिए गए है। इच्छुक दुकानदारों को नियत राशि जमा कर रजिस्टर्ड कंपनी द्वारा दो साल में डिप्लोमा करवा दिया जाएगा।

&कृषि विभाग द्वारा नोटिस जारी कर केंद्र सरकार द्वारा जारी नए निर्देशों की सभी लाइसेंसधारी खाद एवं कृषि उर्वरक दुकानदारों को जानकारी दे दी है। साथ ही डिप्लोमा करने वाले इच्छुक दुकानदारों से आवेदन भी मांगे गए है।
केएस मालवीय, वरिष्ठ कृषि विस्तार अधिकारी