दरअसल, गुरुवार को भारी गहमागहमी के बीच हुए मतदान में जिपं सदस्यों ने तेजी दिखाई और मात्र एक घंटे 55 मिनट में 33 वोट पड़ गए। बाद में यह आक़ड़ा 45 पहुंच गया। तीन बजे तक सभी सदस्यों ने मतदान कर दिया था। चुनाव को लेकर दोनों दलों में इस कदर प्रतिस्पर्धा रही कि कचहरी परिसर में काली कोट से अधिक खादी नजर आई। जिला मुख्यालय, सर्किट हाउस और कचहरी परिसर राजनीति का अखाड़ा बना हुआ था। हर तरफ नेता ही नेता हैं।