वाराणसी. शहर के लल्लापुरा में कदम रखते ही आपको करघों की खटर पटर और पावरलूम की आवाज सुनाई देती है। यहां वो बेशकीमती साड़ी तैयार होती है जिसकी चमक का मुरीद बॉलीवुड भी है। बावजूद इसके इलाके में गरीबी का आलम यह है कि पूरा परिवार मिल कर प्रतिदिन मेहनत करता है तो दो डालर यानि 100 रूपया ही बमुश्किल कमा पाता हैं, जबकि लल्लापुरा कि पहचान देश ही नहीं, दुनिया भर में हाथ से तैयार बेशकीमती बनारसी साड़ियों से है। आम हो या फ़िर खास, सबकी पहली पसंद है बनारसी साड़ी।