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Mukhtar Ansari: अपने बयान से नहीं पलटे गवाह, गवाही बनी सजा की मुख्य वजह; पेश किए ये साक्ष्य

Mukhtar Ansari: अवधेश राय हत्याकांड में वादी अजय राय के पक्ष में 6 गवाह कोर्ट में पेश हुए थे। अजय राय और उनके मित्र विजय कुमार प‌ंडित खुद गवाह थे। विजय पंचायतनाम के भी साक्षी रहे। अजय राय और विजय पंडित के अलावा पहले विवचेक उदयभान सिंह, दूसरे विवेचक कृपाशंकर शुक्ल का बयान हुआ।

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Mukhtar Ansari's associate Suheb's land attached

मुख्तार अंसारी को वाराणसी के एमपी एमएलए कोर्ट ने उम्रकैद की सजा सुनाया।

खून से सनी मिट्टी और मारुति वैन का फर्द उदयभान ने तैयार किया
उदयभान सिंह ने मारुति वैन का फर्द, खून से सनी मिट्टी, 32 बोर खोखा, 9 एमएम खोखा का फर्द तैयार किया था। नक्शा नजर तैयार किया था। कृपाशंकर शुक्ल ने आरोप पत्र दाखिल किया था। FIR की नकल तैयार की थी। 5वें गवाह पोस्टमार्टम करने वाले डॉ. एसके त्रिपाठी थे। छठे गवाह पंचनामा के साक्षी चंद्रभूषण राय थे। गवाहों के अलावा अभियोजन पक्ष से तहरीर, पंचायतनामा सहित कुल 16 तरह के कागजात कोर्ट में पेश किए गए।

अवनीश गौतम की अदालत ने फैसला सुनाया
अवधेश राय हत्याकांड में विशेष न्यायाधीश MP-MLA अवनीश गौतम की अदालत में सोमवार को फैसला सुनाया। मुख्तार अंसारी को उम्रकैद की सजा हुई। फैसला सुनाए जाने के दौरान 2 बार बांदा जेल से वीडियो कांफ्रेंसिंग से मुख्तार अंसारी को पेश किया गया। दोपहर 12 बजे फैसले के समय जब दोष सिद्ध करार दिया गया, तब चुपचाप सुनता रहा। कोर्ट के फैसले पर हाथ जोड़े रहा।


जब दोपहर 2.10 बजे सजा के बिंदु पर कोर्ट बैठी, तब फिर से उसे बांदा जेल से पेश किया गया। सुनवाई के दौरान मुख्तार अंसारी से मुखातिब होते हुए उनके अधिवक्ता आदित्य वर्मा ने कहा, आप इस घटना में दोषी करार दिये गये हैं।