Ahmedabad. शहर के चांदखेड़ा क्षेत्र में डोसा खाने के बाद तबीयत बिगड़ने से दो बच्चियों की मौत के मामले में पुलिस कारणों का पता लगाने में जुटी है। फिलहाल पांच अप्रेल को सूचना मिलने पर आकस्मिक मौत का मामला दर्ज कर जांच की जा रही है।
चांदखेड़ा थाने के पीआइ जे.के.मकवाणा ने मंगलवार को संवाददाताओं को बताया कि चांदखेड़ा पुलिस ने ढाई महीने की बच्ची राह के शव को चांदखेड़ा श्मशानगृह के पास से बाहर निकाला। इस दौरान एक्जीक्यूटिव मजिस्ट्रेट और एफएसएल की टीम मौजूद रही। इसके बाद शव को सिविल अस्पताल भेजा गया। पोस्टमार्टम रिपोर्ट से ही ढाई महीने की बच्ची की मौत के सही कारणों का पता चल सकेगा।
सभी एंगल से जांच :एसीपी इलाके के सहायक पुलिस आयुक्त (एसीपी) डी वी राणा ने संवाददाताओं को बताया कि पुलिस इस मामले में सभी एंगल से जांच कर रही है। जिस डेयरी से विपुल उर्फ विमल प्रजापति ने डोसा के लिए एक अप्रेल की शाम को खीरू (तैयार घोल) लिया था, उस डेयरी के डीवीआर को जब्त किया है। उसमें से सीसीटीवी फुटेज लेकर अध्ययन किया जा रहा है। इसके अलावा टीम ने अस्पताल में इस परिवार और बच्चियों का उपचार करने वाले चिकित्सकों से भी बातचीत की है। डेयरी संचालक से भी पूछताछ की जा रही है। एसीपी राणा ने बताया कि पुलिस इस बात की भी जांच में जुटी है कि विमल का कहना है कि वे डेयरी से खीरू लेकर आए थे, उसे खाने के बाद ही उनकी तबीयत बिगड़ी। उसके अगले दिन दो अप्रेल को उनकी पत्नी और बड़ी बेटी मिस्टी (3) ने डोसा खाया तो उसकी भी तबीयत बिगड़ी। विमल का यह दावा है कि डोसा के खीरू में ही कुछ गड़बड़ी थी और फूड पोइजनिंग हुआ होगा।