
अम्बेडकर नगर. जिले के जलालपुर थाना क्षेत्र में बीते 19 नवम्बर को एक सर्राफा व्यापारी से लूट के बाद उसकी हत्या कर दी गई थी, जिस मामले को लेकर व्यापारियों ने प्रदर्शन करते हुए पुलिस की कार्यशैली पर भी सवाल खड़ा किया था। लूट की इस घटना में लाखों रुपये के जेवर लूटने का मामला सामने आया था और जिस तरह से लूट और हत्या करने वाले आरोपियों ने घटना को अंजाम दिया था, उससे पूरे जिले में दहशत कायम हो गया था। पुलिस ने इस घटना को चुनौती के रूप में लिया और हत्यारों को पकड़ने के लिए स्वाट टीम को इसकी जिम्मेदारी सौंपी गई।
स्थानीय पुलिस के साथ मिलकर स्वाट टीम ने कर दिया बड़ा काम
लूट की घटना को अंजाम देने वाले हत्यारों का सुराग लगाने के लिए स्वाट टीम स्थानीय पुलिस के साथ मिलकर इस मामले में सुराग लगाना शुरू किया, जिसमें पुलिस को कुछ ऐसे क्लू मिले जो हैरान कर देने वाले थे। फिलहाल पुलिस अपने माध्यम से इस क्लू पर आगे बढ़ती रही और अंततः उसे बड़ी कामयाबी मिली। घटना को अंजाम देने वालों से न सिर्फ लूट का जेवर पुलिस ने बरामद किया बल्कि घटना को अंजाम देने वाले चार आरोपियों को भी गिरफ्तार करने में सफलता पाई।
घर का भेदी ही बना लूट और हत्या का प्रमुख कारण
जलालपुर निवासी रवि सोनी का सर्राफे का कारोबार है और 19 नवम्बर को वे जौनपुर से थोक चांदी के जेवर खरीदकर अपने घर वापस जा रहे थे। देर शाम मालीपुर से घर जाते समय पकड़े गए आरोपियों ने रवि सोनी की हत्या कर जेवरात लूट लिए। इन आरोपियों को पकड़ने के बाद हुई पूछताछ में सबसे चौंकाने वाली जो जानकारी मिली, वह यह कि पकड़े गए चार आरोपियों में तीन तो सुलतानपुर जिले के हैं, लेकिन जो चौथा असरोपि है, वह मृतक रवि सोनी का पड़ोसी ही है और उसने ही रेकी करके हत्यारों को सटीक जानकारी दी थी।
लुटे गए सोने और चांदी के 13 किलो जेवरात भी पुलिस ने बरामद कर लिया है। पुलिस अधीक्षक विपिन कुमार मिश्र ने पत्रकार वार्ता कर इस घटना का खुलासा करने के साथ ही खुलासा करने वाली टीम को भी 20 हजार रुपये की नकद धनराशि से सम्मानित किया है। उन्होंने बताया कि पकड़े गए लुटेरों के पास से घटना में प्रयुक्त असलहे और बाइक भी बरामद किया गया है।