(आज का पंचांग – गुरुवार, 28 अगस्त, 2025)
विक्रम संवत् – 2082
संवत्सर नाम – सिद्धार्थ
शक संवत् – 1947
हिजरी सन् – 1447
मु. मास – 4 रवि उल अव्वल
अयन – दक्षिणायन
ऋतु – शरद् ऋतु
मास – भाद्रपद
पक्ष – शुक्ल
श्रेष्ठ चौघड़िये – आज शुभ का चौघड़िया सूर्योदय से 7:43 तक रहेगा। चर, लाभ, अमृत के चौघड़िये क्रमशः 10:53 से 3:38 तक रहेंगे। शुभ का चौघड़िया 5:13 से सूर्यास्त तक रहेगा। इन चौघड़ियों में शुभ कार्य प्रारम्भ किए जा सकते हैं।
तिथि – पंचमी तिथि सायं 5:57 तक होगी तदुपरान्त षष्ठी तिथि होगी।
दिशा शूल – आज दक्षिण दिशा में दिशा शूल रहेगा। इसलिए दक्षिण दिशा में यात्रा नहीं करनी चाहिए।
राहु काल वेला – (मध्यमान से) दिन 1:30 से 3:00 तक रहेगा।
नक्षत्र – चित्रा नक्षत्र दिन 8:44 तक रहेगा तदुपरान्त स्वाती नक्षत्र होगा।
योग – शुक्ल योग दिन 1:18 तक रहेगा तदुपरान्त ब्रह्म योग रहेगा।
करण – बालव करण सायं 5:57 तक तदुपरान्त कौलव करण रहेगा।
विशिष्ट योग – रवियोग प्रात: 8:44 से प्रारम्भ।
व्रत / दिवस विशेष – ऋषि पंचमी, भाई पाँच, जैन संवत्सरी (पंचमी पक्ष), मेला गढ़ गणेश जी मन्दिर का जयपुर में, मेला श्री कैला देवी 12 दिवसीय प्रारंभ करौली (राज.), ऋषि गर्ग अंगिरा जयंती, रक्षा पंचमी (बं.), गुरु पंचमी (उड़ी.), मेला पाट 3 दिन का शुरु (काश्मीर),
चन्द्रमा – आज सम्पूर्ण दिन रात्रि तुला राशि में होगा।
आज जन्म लेने वाले बच्चे – आज जन्म लेने वाले बच्चों की राशि तुला होगी। आज दिन 8:44 तक तक चित्रा नक्षत्र होगा तदुपरान्त स्वाती नक्षत्र होगा। आज जन्मे बच्चों का रजत पाद होगा। आज जन्म लेने वाले बच्चों के प्रथम नामाक्षर री, रू, रे, रो, ता पर रखे जा सकते हैं।
तुला राशि का स्वामी शुक्र होता हैं। यह सौम्य व भावुक होते हैं। इन्हें देश-विदेश घूमने का शौक होता है, किसी के अधीनस्थ रह कर कार्य करना पसंद करते हैं। यह एक स्थान पर टिक कर नहीं रहते। ये सुंदरता पसंद होते हैं और कलात्मक होते हैं। इनका स्वभाव आकर्षक होता हैं। ये न्यायशील, बुद्धिमान, तर्कशील एवं सर्तक रहने वाला होते हैं। जातक को देश-विदेशों में अनेक स्थानों पर भृमण करने के अवसर प्राप्त होते हैं।
पंडित मुकेश भारद्वाज, ज्योतिर्विद व वास्तुविद्