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ट्रंप ने की पाकिस्तान की खुलकर तारीफ, गाज़ा शांति योजना में PAK का बड़ा रोल

अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने पाकिस्तान के प्रधानमंत्री शहबाज़ शरीफ और सेना प्रमुख फील्ड मार्शल आसिम मुनीर की खुलकर तारीफ की है।

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Pankaj Meghwal

Sep 30, 2025

अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने पाकिस्तान के प्रधानमंत्री शहबाज़ शरीफ और सेना प्रमुख फील्ड मार्शल आसिम मुनीर की खुलकर तारीफ की है। ट्रंप के मुताबिक, पाकिस्तान ने गाज़ा युद्ध को खत्म करने के लिए अमेरिका की ओर से पेश किए गए 20 बिंदुओं वाले शांति प्रस्ताव का शुरू से ही समर्थन किया है। व्हाइट हाउस में प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान ट्रंप ने कहा कि पाकिस्तान के प्रधानमंत्री और सेना प्रमुख दोनों “अद्भुत” हैं, उन्होंने इस योजना का पूरा समर्थन किया है।

दरअसल ट्रंप ने गाजा और फिलिस्तीन युद्ध को खत्म करने के लिए एक शांति प्रस्ताव पेश किया जिसे उन्होंने “गाज़ा संघर्ष को समाप्त करने की व्यापक योजना” कहा है। इस योजना के अनुसार, गाज़ा को एक आतंकवाद-मुक्त और ‘डिरैडिकलाइज़्ड’ इलाका बनाया जाएगा, जहां से किसी भी पड़ोसी देश को कोई खतरा नहीं होगा। इसके साथ ही वहां दोबारा विकास कार्य शुरू किया जाएगा। अगर इस योजना को इज़रायल और हमास दोनों पक्ष स्वीकार कर लेते हैं, तो युद्ध तुरंत समाप्त कर दिया जाएगा। इज़रायली सेना एक तय की गई सीमा तक पीछे हटेगी, जिससे बंधकों की रिहाई की प्रक्रिया शुरू हो सके। इस दौरान सभी तरह की सैन्य कार्रवाई—जैसे हवाई हमले, जमीनी गोलाबारी रोक दी जाएगी, और युद्ध को खत्म करने के लिए सीजफायर लागू किया जाएगा। योजना के अनुसार, इज़रायल के इस समझौते को सार्वजनिक रूप से स्वीकार करने के 72 घंटों के भीतर सभी बंधकों को—चाहे वे जीवित हों या मृत—हमास की ओर से उनको छोड़ा जाएगा। बदले में, इज़रायल 250 उम्रकैद की सजा पाए फिलीस्तीनी कैदियों और अक्टूबर 2023 के बाद गिरफ्तार किए गए 1700 गाज़ा निवासियों को रिहा करेगा, जिनमें सभी महिलाएं और बच्चे शामिल होंगे। इसके अलावा, हर इज़रायली बंधक की लाश की वापसी पर इज़रायल 15 मृत गाज़ा निवासियों के शव लौटाएगा।

ट्रंप ने कहा है कि पाकिस्तान ने इस योजना पर भरोसा जताया है और इसे 100 प्रतिशत समर्थन देने की बात कही है। इसके अलावा ट्रंप ने कई मुस्लिम और अरब देशों का भी धन्यवाद किया, जिन्होंने उनके इस शांति प्रस्ताव को समर्थन दिया है। इनमें सऊदी अरब, कतर, यूएई, जॉर्डन, तुर्किए, इंडोनेशिया और मिस्र जैसे देश शामिल हैं। इस योजना के एलान के बाद इन देशों के विदेश मंत्रियों ने एक साझा बयान जारी किया। उन्होंने ट्रंप की “लीडरशिप” और गाज़ा में शांति लाने के लिए उनके “ईमानदार प्रयासों” की सराहना की।

बता दें कि ट्रंप के जनवरी में दोबारा राष्ट्रपति बनने के बाद से अमेरिका और पाकिस्तान के रिश्तों में सुधार देखा गया है। हाल ही में अमेरिका और पाकिस्तान के बीच एक व्यापार समझौता हुआ है, जिसके तहत पाकिस्तान अमेरिका को महत्वपूर्ण खनिज और रेयर अर्थ मटेरियल्स की आपूर्ति करेगा। एक अमेरिकी कंपनी पाकिस्तान में 500 मिलियन डॉलर का निवेश करने जा रही है। न्यूयॉर्क में संयुक्त राष्ट्र महासभा के दौरान हुई मुलाकात के बाद शहबाज शरीफ ने ट्रंप को नोबेल पुरस्कार देने का समर्थन किया था। वहीं ट्रंप ने व्हाइट हाउस में पाकिस्तान की लीडरशिप की तारीफ करते हुए प्रधानमंत्री शहबाज़ शरीफ और फील्ड मार्शल आसिम मुनीर को शानदार नेता बताया था। इसके अलावा, ट्रंप ने जुलाई में वादा किया था कि अमेरिका पाकिस्तान के विशाल तेल भंडारों के विकास में मदद करेगा। अब दोनों देशों के बीच हुए व्यापार समझौते के अनुसार, अमेरिका पाकिस्तानी वस्तुओं पर सिर्फ 19 प्रतिशत टैरिफ लगाएगा।