करवर. क्षेत्र के कल्याणी खेड़ा बालाजी के समीप से इंद्रगढ़ बीजासन माताजी के मध्य निर्माणाधीन सडक़ मार्ग पर उखड़ी गिट्टी व उड़ती धूल, राहगीर व वाहन चालकों के लिए परेशानी व दुर्घटना का सबब बनी हुई है, जिसको लेकर रविवार को संवेदक के खिलाफ ग्रामीणों का गुस्सा फूट पड़ा। ग्रामीण सुबह करीब 11 बजे कल्याणी खेड़ा बालाजी के समीप पहुंचे तथा सडक़ मार्ग पर जल्द डामरीकरण कार्य शुरू कराने की मांग को लेकर प्रदर्शन किया। राजस्थान पत्रिका ने 19 नवम्बर को उड़ते धूल के गुबार से वाहन चालक परेशान शीर्षक से खबर प्रकाशित की थी, जिसके बाद रविवार को ग्रामीणों का भी गुस्सा फूट पड़ा।
ग्रामीणों ने बताया कि उक्त मार्ग पर नवीन सडक़ का निर्माण कार्य होना है,जिसको लेकर संबंधित संवेदक ने पुरानी सडक़ को उखाड़ते हुए नए निर्माण के तहत सडक़ पर गिट्टी बिछा कर काम को अधूरा छोड़ रखा है। तथा डामरीकरण का कार्य अधूरा पड़ा है। खोदी गई सडक़ पर पानी नहीं छिडकऩे से दिन भर वाहनों की आवाजाही के बीच धूल उड़ती रहती है।
वहीं सडक़ पर फैली गिट्टी की वजह से दुपहिया वाहन चालकों को दुर्घटना का अंदेशा बना रहता है। दुपहिया वाहन चालकों के सामने परेशानी बनी हुई है। रोजाना आने जाने वाले सरकारी कार्मिकों को ज्यादा समस्या का सामना करना पड़ रहा है। महिला कर्मचारियों ने तो स्वयं का दुपहिया वाहन लाना बंद कर दिया। रोजाना कई दुपहिया वाहन चालक चौटिल हो रहे है। क्षेत्रवासियों ने कई बार जल्द अधूरे निर्माण कार्य को पूरा कराने की मांग को लेकर सार्वजनिक निर्माण विभाग के अधिकारियों को भी अवगत कराया है, लेकिन समस्या का कोई समाधान नहीं हुआ है। विभागीय अभियंता जल्द ही बचे हुए टुकड़े पर डामरीकरण का कार्य करवाने की बात कहकर इतिश्री कर रहे है। जानकारी अनुसार केंद्रीय सडक़ एवं परिवहन मंत्रालय द्वारा देई से इंद्रगढ़ तक सडक़ एवं पुलिया के निर्माण के लिए 63.76 करोड़ रुपए की राशि से सडक़ का निर्माण कार्य चल रहा है।
करवर से कल्याणी खेड़ा के बालाजी के समीप तक सीसी सडक़ का निर्माण कार्य हो गया है, जो की नैनवा उपखंड की सीमा के अंतर्गत है। वहीं अधूरा निर्माण कार्य लाखेरी सार्वजनिक निर्माण विभाग के अंतर्गत आता है। क्षेत्रवासियों ने जल्द सडक़ के अधूरे निर्माण कार्य पर डामरीकरण कराने की मांग
की है।