जबलपुर। बीपीएल कार्ड बनवाने के लिए शहपुरा तहसील गई महिला ने तहसीलदार पर मोबाइल तोडऩे और मारपीट का आरोप लगाया है। तहसीलदार महिला द्वारा वीडियो बनाए जाने से भडक़ गए थे। इसकी शिकायत थाने में भी की गई है। मामले पर संज्ञान लेते हुए कलेक्टर ने एसडीएम को जांच के आदेश दिए हैं। तहसीलदार ने घटना से इनकार करते हुए कहा कि महिला को अपात्र पाया गया था, उसी को लेकर वह हंगामा कर रही है।
शहपुरा थाना में रमखिरिया निवासी पूजा बर्मन ने दी गई शिकायत में आरोप लगाया कि उसने गरीबी रेखा से नीचे जीवन यापन करने का राशनकार्ड बनाने के लिए एक माह पहले आवेदन किया था। वह लगातार तहसील कार्यालय के चक्कर काट रही थी, लेकिन कोई जवाब नहीं मिल रहा था। शनिवार को वह पति बालकिशन बर्मन के साथ फिर तहसील गई और तहसीलदार रविंद्र सिंह पटेल से मुलाकात की। जिन्होंने जल्दी राशनकार्ड बनवाने का आश्वासन दिया। महिला इससे संतुष्ट नहीं हुई और एक महीने से परेशान होने की बात कहते हुए मोबाइल से वीडियो बनाने लगी। आरोप है कि इस पर तहसीलदार पटेल भडक़ गए और मोबाइल छीनकर तोड़ दिया। जो उसने कुछ दिन पहले ही धान बेचकर खरीदा था। महिला ने खुद और पति के साथ मारपीट किए जाने का भी आरोप लगाया है।
परिवार को मिले थे कम अंक
इस मामले में तहसीलदार पटेल का दावा है कि महिला के आवेदन की जांच कराई गई थी। लेकिन उसे 14 अंक ही मिले, 22 से अधिक नम्बर मिलने पर ही बीपीएल की पात्रता होती है। कोर्ट में ही महिला को पात्र नहीं पाए जाने की जानकारी दे गई थी, तब कोई विवाद नहीं हुआ था।
महिला के तहसीलदार पर लगाए गए आरोपों की जांच के लिए एसडीएम शहपुरा को आदेश दिए हैं। इस सम्बंध में तहसीलदार से बात की है, उन्होंने ऐसी किसी भी घटना से इनकार किया है। जांच में सभी तथ्य सामने आएंगे। यह भी कहा गया है कि आवेदक राशन कार्ड के लिए पात्र हैं या नहीं, इसका प्रतिवेदन दिया जाए।
दीपक सक्सेना, कलेक्टर जबलपुर
पीडि़त दम्पती ने शहपुरा थाना में शिकायत की है। जांच की जा रही है, रिपोर्ट के आधार पर आगे कार्रवाई की जाएगी।
सूर्यकांत शर्मा, एडीशनल एसपी (ग्रामीण)