जेके भाटी/जोधपुर. सोनी टेलीविजन (Sony television) पर लम्बे समय से प्रसारित हो रहे धारावाहिक ‘मेरे साईं’ (serial Mere Sai) का मुख्य किरदार 30 सितम्बर से बदल जाएगा। लीप के बाद अभिनेता तुषार दलवी (Actor Tusshar Dalvi) साईं बाबा (Sai Baba) का किरदार निभाएंगे। मुम्बई में साईं बाबा की भूमिका निभा रहे अभिनेता तुषार दलवी से पत्रिका की विशेष बातचीत-
आप शो में लीप के बाद आ रहे है, आपकी एंट्री कैसे होगी?
दर्शकों को 9 सितंबर से सबसे बड़ा चमत्कार दिखाई देगा, जहां साईं हैजा से पीडि़त एक-दो नहीं बल्कि 100 से अधिक लोगों को ठीक कर देंगे। वे सात अनाज की मदद से लोगों का इलाज करते दिखाई देंगे। साईं का जीवन ही चमत्कार है और यह उनके द्वारा किए गए सबसे बड़े चमत्कारों में से एक माना जाता है। 30 सितंबर से मैं साईं बाबा की दिव्य भूमिका निभाउंगा।
साईं कैसे साईं बाबा बने। इस पर आप क्या कहना चाहेंगे?
जैसा कि हम सभी जानते हैं कि साईं बाबा ने हैजे जैसी बीमारी का इलाज कर सबसे बड़ा चमत्कार किया था। जब यह देश हैजे की घातक बीमारी की चपेट में था, तब उन्होंने 7 दाने लिए और इस घातक बीमारी के हजारों रोगियों का इलाज किया। यह वह चमत्कार था जिसने साईं को साईं बाबा बना दिया। उसके बाद लोग साईं पर ज्यादा विश्वास करने लगे और उनकी लोकप्रियता देशभर में पहुंच गई। जिससे दुनिया भर के लोग उनके पास आने लगे ताकि वह उनकी समस्याओं में मदद कर सकें।
क्या आप असल जिंदगी में साईं भक्त हैं?
मैं और मेरा परिवार हमेशा साईं में विश्वास करते आए हैं और लंबे समय से उनकी शिक्षाओं का पालन कर रहे हैं। अगर कोई मुझे साईं भक्त कहकर संबोधित करता है, तो मुझे कोई आपत्ति नहीं है। साईं बाबा वह व्यक्ति थे जो हाल के दिनों में हमारे साथ थे, यह कोई बनाया हुआ चरित्र नहीं है। यह केवल उनके द्वारा किए गए चमत्कार ही नहीं हैं, बल्कि उनके मूल्य और शिक्षाएं भी हैं जो उन्होंने सभी देने की कोशिश की। श्रद्धा और सबूरी दो शब्द हैं जो उन्होंने मानव जाति को उपहार में दिए हैं। अगर हम उन्हें अपने जीवन में शामिल करने की कोशिश करते हैं, तो इससे हमारा जीवन और लोगों का जीवन और अधिक आरामदायक बन जाएगा। इन शब्दों ने वास्तव में मेरे जीवन को बेहतर और अधिक सकारात्मक बनाने में मदद की।
क्या आप लीड रोल से पहले शो को फॉलो करते थे और इस भूमिका की तैयारी कैसे कर रहे हैं?
एक कलाकार के रूप में हमें किसी शो को पूरी शिद्दत से फॉलो का समय नहीं मिल पाता है, लेकिन मैंने कुछ एपिसोड देखे हैं और मैं उन लेखकों के काम की सराहना करना चाहूंगा जो कहानियों के बारे में गहराई से शोध करते हैं। लेकिन जब से मुझे साईं के रूप में चुना गया हैं तब से मैंने पृष्ठभूमि और कहानी को समझने के लिए नियमित रूप से शो देखना शुरू कर दिया है। इससे मुझे शो की शैली, निर्देशक के दृष्टिकोण और शो पर किए जाने वाले काम को समझने में मदद मिल रही है। वास्तव में इस किरदार को आत्मसात करने के लिए मैंने साईं चरित्र का पाठ करना शुरू कर दिया है, क्योंकि मैं चरित्र को अधिक प्रामाणिक और दर्शकों के लिए अधिक विश्वसनीय बनाना चाहता हूं।
आप साईं की भूमिका निभा रहे अबीर की जगह शो के बीच में जुड़ रहे हैं, क्या यह ज्यादा चुनौतीपूर्ण होगा?
हां, यह समझ में आता है, अबीर ने बहुत अच्छा काम किया है और स्वाभाविक रूप से शुरुआती प्रभाव दर्शकों के दिमाग में सबसे मजबूत होता है। इस शो ने लगभग 2 साल की अवधि को कवर किया है और यह हमेशा टॉप-रेटेड शो में शामिल था। अबीर के शानदार काम के कारण यह मेरे लिए थोड़ा चुनौतीपूर्ण होगा, लेकिन मुझे चुनौती स्वीकार करना पसंद है। मैं पूरी ईमानदारी और तत्परता के साथ परीक्षा दूंगा और दर्शकों का दिल जीतने का प्रयास करूंगा। मुझे लगता है कि मैं अपने निर्देशक और शो में काम करने वाली पूरी टीम की मदद से किरदार के साथ न्याय कर पाऊंगा। साईं बाबा के आशीर्वाद से हम निश्चित रूप से इस शो की उपलब्धि के साथ आगे बढ़ पाएंगे।
साईं बाबा के लुक और सेट में दर्शकों को क्या बदलाव देखने को मिलेगा?
मुख्य बदलाव यह होगा कि साईं उम्रदराज हो जाएंगे, उनकी दाढ़ी ग्रे हो जाएगी। हर कोई उनके चलने और बात करने की शैली में भी बदलाव देखेगा। लीप के बाद साईं हर समय अपने साथ एक चिमटा लेकर जाते भी दिखेंगे क्योंकि वह एक वाद्य यंत्र के रूप में चिमटा बजाते थे। यहां तक कि सेट में दर्शकों को शिरडी में अधिक घर दिखाई देंगे। सेट का लुक थोड़ा बदला हुआ होगा क्योंकि शो आगे बढ़ रहा है।
क्या आप सेट पर गए?
हां, हाल ही में मैं प्रोमो शूट करने के लिए सेट पर गया था। जिस तरह से सेट बनाया गया है, वह मुझे वास्तव में पसंद आया। सेट ऐसा एहसास दिलाता है कि आप उस समय के शिरडी पहुँच चुक हैं। सेट पर बहुत सारी हरियाली देख सकते हैं, जो आपको बहुत सकारात्मक वाइब देता है। न केवल मैंने सेट पर बहुत सारे जानवरों को देखा, बल्कि मुझे अपने और साईं बाबा के बीच एक और समानता का एहसास हुआ कि हम दोनों बहुत बड़े पशु प्रेमी हैं।