
हिण्डौन सिटी. वर्धमान नगर में चल रहे नूतन राजराजेंद्र सूरि गुरुमंदिर की भव्यातिभव्य प्रतिष्ठा महोत्सव के दूसरे दिन मंगलवार को वरघोडा यात्रा निकाली गई। हाथी- घोडा की की अगुआई में निकली दादागुरुदेव राजराजेंद्रसूरि की वरघोडा यात्रा से शहर जिनशासन और गुरुदेव की भजनों की स्वर लहरियों से सराबोर रहा। दादा गुरुदेव के प्रति श्रद्धा भाव को आगे 42 डिग्री सेल्सियस के तापमान पर तपाती तेज धूप भी बेअसर नजर आई। तवे तपती सडक़ पर कई राज्यों से आए श्रावक श्राविकाएं भक्ति रस में विभोर हो भजनों पर नृत्य करते चल रहे थे।
श्री राजराजेंद्र सूरि गुरुमंदिर ट्रस्ट व आयोजन समिति के सदस्य देवेश जैन ने बताया कि जैन संत राजेंद्र सूरी गुरुदेव की प्राण प्रतिष्ठा के उपलक्ष्य में सुबह 10 बजे वरघोडा यात्रा शुरू हुई। वर्धमान नगर स्थित 60 फीट रोड पर विशाल डोम में बनाए आयोजन स्थल से घोडों, हाथी व बैंड बाजों और डीजे के वरघोडा यात्रा की रवानगी से भजनों से गुंजायनमान हो गया। 9 घोड़ों पर पचरंगी धर्मध्वजा थामे बैठे युवाओं की नेतृत्व में वरघोडा यात्रा रिलायंस पेट्रोल पम्प के पास निकलकर महवा रोड, रेलवे फ्लाईओवर, स्टेशन रोड, जैन मंदिर रोड, मोहन नगर गल्र्स स्कूल और तहसील रोड से निकली। बाद में तहसील मोड़, नई मंडी थाना होती हुई फ्लाई ओवर के रास्ते वापस वर्धमान नगर पहुंची।
शोभायात्रा में 15 बग्घियों में बैग्लुरू, सेलम, दिल्ली,मुम्बई, जयपुर सहित कई शहरों से आए गुरुमंदिर निर्माण के दानदाताओं के परिजन बैठै थे। वरघोड़ा मेंं कलशों की अगुआई में फूलों से सजे मुख्य रथ में गुरुदेव राजेंद्र सूरि की प्रतिमा विराजित थी। वघघोडा यात्रा में जैन साध्वी डॉ. प्रियदर्शना श्रीजी व डॉ सुदर्शना श्रीजी भी शामिल हुई। जिनसे स्थानीय सकल जैन समाज के लोगों ने आशीर्वाद लिया। बरघोडा यात्रा को लेकर शहर में सुबह से दोपहर बाद तक स्टेशन रोड पर जाम की स्थिति रही। भीड़ को देखते हुए पुलिस को ओवर ब्रिज को वन वे करना पड़ा। वहीं मंडी थानाअधिकारी नरेश पोषवाल व यातायात निरीक्षक रामनिवास मय जाप्ता तैनात रहे।
स्वागत द्वार लगा कराया जलपान
गुरुदेव राजेंद्रसूरि के मंदिर प्रतिष्ठा महोत्सव के वरघोडा के अभिनंदन में शहर में दर्जनों स्थानों पर स्वागत द्वार लगाए गए। स्थानीय जैन समाज के लिए द्वार स्थलों पर मौजूद रहे रथों पर पुष्प वर्षा की। साथ ही वरघोडा यात्रा में शामिल श्रावक-श्राविकाओं को पेयजल, कुल्फी और शर्बत वितरित कर स्वागत किया गया।
बटिंडा का बैण्ड रहा आकर्षण-
5 हाथी और 9 घोड़ों की अगुआई में निकली वरघोडा यात्रा को देखने के लिए तेज धूप में भी लोगों की खूब भीड़ उमड़ी। यात्रा में पंजाब के बटिंडा से आया बैगपाइपर सरदार बैण्ड मुख्य आकर्षण रहा। बैण्ड वादकों ने वादन के साथ चाल के करतब दिखा का लोगों को चकित कर दिया। वहीं दिल्ली से शहनाई व ताशा बैण्ड ने भी लोगों को खूब रिझाया। यात्रा में आधा दर्जन से अधिक स्थानीय ब्रॉस व डीजे बैण्ड भी शामिल रहे।
आज प्रतिष्ठित होंगी प्रतिमाएं
देवेश जैन ने बताया कि बुधवार को गुरुमंदिर में दादा गुरुदेव राजराजेंद्र सूरि महाराज, नाकोडा भैरव, माता पद्मावती, जैन सैनजी महाराज, दादीजी महाराज और 3 मंगल मूर्ति की प्रतिमाएं प्रतिष्ठित होंगी।