प्रतापगढ़. यहां नारकोटिक्स विभाग की ओर से खंड प्रथम के तहत अफीम किसानों की अफीम खरीद के लिए लगाए गए तोल केंद्र पर 29 गांव के 180 किसानों की अफीम तोली गई। तोल केंद्र पर अब तक 153 गांव के 2597 किसानों की अफीम तोली जा चुकी है। किसानों को इसके एवज में दो करोड़ 90 लाख रुपए से ज्यादा का भुगतान किया गया है।
जिला अफीम अधिकारी खंड प्रथम एलसी पंवार ने बताया कि प्रतापगढ़ में खंड प्रथम के तहत वर्ष 2023-24 के लिए 3085 किसानों को अफीम खेती के लाइसेंस दिए गए थे। पंवार ने बताया कि शहर की जैन दादावाड़ी में चल रहे इस तोल केंद्र पर चीरा पद्धति से खेती करने वाले किसानों की अफीम फिलहाल तोली गई। इसके बाद जीपीएस पद्धति से खेती करने वाले किसानों का अफीम डोडा तोला जाएगा। इसके लिए विभाग की ओर से तैयारी पूरी कर ली गई है। आज 29 गांव के 180 किसानों की अफीम तौली जा रही है। उन्होंने बताया कि अभी तक किसानों को 18 हजार 392 किलो अफीम के एवज में दो करोड़ 90 लाख 75 हजार रुपये का भुगतान ऑनलाइन किया जा चुका है। अफीम की जांच हाथ परख पद्धति से की गई। तुलाई के दौरान पूरी पारदर्शिता बनी रहे। इसको लेकर यहां सीसीटीवी कैमरे लगाए गए। साथ ही सुरक्षा के भी पुख्ता इंतजाम किए गए हैं।
छोटीसादड़ी में अफीम तोल पूरा
छोटीसादड़ी में नारकोटिक्स विभाग की ओर से चल रहे काले सोने के रूप में पहचान रखने वाली अफीम तोल का कार्य मंगलवार को पूरा हो गया। अफीम का तोल पूरा होने के बाद अफीम से भरे केन को कड़ी सुरक्षा में नीमच फैक्ट्री भेजा गया। नारकोटिक्स विभाग ने किसानों को अफीम के बदले तीन करोड़ 16 लाख से ज्यादा का भुगतान किया जाएगा। जिला अफीम अधिकारी बीएन मीणा ने बताया कि अब तक कुल 2677 काश्तकारों के अफीम की तुलाई का कार्य किया गया। जिसमें 19 हजार 680 किलो अफीम तोली गई। यहां मंगलवार को 185 किसानों की अफीम तोली गई। इसमें अचलपुरा और छोटीसादड़ी के किसानों की 1317 किलों अफीम तोली गई। तोल प्रकिया पूरी होने के बाद कुल 19 हजार 680 किलों अफीम तोली गई। जिसका भुगतान तीन करोड़ 16 लाख 76 हजार 201 रुपए का ऑनलाइन के माध्यम से किया जाएगा।