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सवाई माधोपुर

पौधारोपण हमारी नैतिक जिम्मेदारी

प्रकृति के प्रति हर व्यक्ति का है दायित्व

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सवाईमाधोपुर. राजस्थान पत्रिका के सामाजिक सरोकार कार्यक्रमों की शृंखला में शनिवार को जिला विधिक सेवा प्राधिकरण और रीजनल पब्लिक सीनियर सैकण्डरी स्कूल के संयुक्त तत्वावधान में बाल मंदिर कॉलोनी स्थित सार्वजनिक पार्क में पौधारोपण कार्यक्रम हुआ। कार्यक्रम की मुख्य अतिथि जिला विधिक सेवा प्राधिकरण की सचिव श्वेता गुप्ता ने छात्राओं को संबोधित करते हुए कहा कि पौधारोपणहमारी प्रकृति के प्रति नैतिक जिम्मेदारी हैजिसे हम सभी को निभाना चाहिए । लेकिन केवल पौधे रोपित कर देने से ही हमारी जिम्मेदारी पूरी नहीं हो जाती है। हमारे द्वारा लगाए गए पौधे बड़े होकर वृक्ष का रूप ले इसके लिए उनका संरक्षण भी हम सबका कत्र्तव्य है। इसके अलावा उन्होंने छात्राओं को प्रकृति में पौधों व उनके संरक्षण के महत्व केबारे में जानकारी देते हुए कहा कि पौधे प्रकृति का महत्वपूर्ण घटक है और पौधे और वृक्षों को महत्व का अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि पौधे और वृक्षों को जीवनदायनी कहा जाता है। इसके अतिरिक्त पौधारोपण कार्यक्रम के दौरान भी उन्होंने छात्राओं को कई प्रकार के पौधों के बारे में जानकारी दी। इस दौरान राजस्थान पत्रिका के सीनियर प्रबंधक रामअवतार स्वामी , रीजनल स्कूल के निदेशक मनोज कुमार शर्मा,व्यवस्थापिका योगिता शर्मा,प्रेमनारायण शर्मा, लोकेश शर्मा, हेंमत गौतम आदि मौजूद थे।

संरक्षण की दिलाई शपथ

पौधारोपण कार्यक्रम के बाद जिला विधिक सेवा प्राधिकरण की सचिव ने छात्राओं और विद्यालय के कार्मिकों को नियमित रूप से पौधारोपण करने, अपने परिचितों को भी पौधारोपण के लिए प्रेरित करने और पौधों का संरक्षण करने की शपथ भी दिलवाई।

विधिक योजनाओं की दी जानकारी

कार्यक्रम के दौरान जिला विधिक सेवा प्राधिकरण की सचिव ने छात्राओं को महिलाओं और छात्राओं को संविधान की ओर से प्रदत अधिकारों की जानकारी देने के साथ ही छात्राओं व महिलाओं के लिए संचालित विधिक योजनाओं के संबंध में जानकारी दी। उन्होंने कहा कि संविधान द्वारा भारत के हर नागरिक को समानता और अभिव्यक्ति का अधिकार दिया गया है लेकिन अभिव्यक्ति का अधिकार तब तक ही है जब तक वह किसी ओर की स्वतंत्रता का हनन नहीं करता है। इसके अलावा उन्होंने विद्यालय प्रबंधन से विद्यालय में छात्राओं के लिए एक विधिक सेल का गठन करने के संबंघ में भी निर्देश दिए। साथ ही उन्होंने विद्यार्थियों में लीडरशिप स्किल विकसित करने के प्रयास करने पर भी जोर दिया।