अलवर जिले के राजगढ, टहला सहित आसपास के दर्जनों गांवों में बैमौसम बारिश व ओलावृष्टि से सब्जियों की बाडी, गेहूं की फसल को भारी नुकसान हुआ है। आसमान में काले बादल छा जाने से मौसम का अचानक मिजाज बदल गया। उसके बाद बादलों की तेज गड़गड़हाट व बूंदाबांदी के साथ चने के आकार के ओले गिरने शुरू हुए देखते ही देखते तेज बारिश के साथ आंवला व बेर के मोटे आकार की ओलावृष्टि शुरू हो गई। खेतों व जमीन पर चारो ओर बर्फ की मोटी चादर बिछ गई। तेज बारिश आधा घण्टा होने के साथ ही करीब 15 मिनट ओलावृष्टि होने से खेतों में कटी हुई व पककर खडी गेहूं की फसल टूट कर आडी पड गई तथा बालियां झड गई व खेतों में कटी हुई फसल के पूले पानी में तैरने लग गए। जिससे गेहूं, चने, जौ की फसल चौपट होने से किसानों के चेहरों पर मायूसी छाई हुई है।