धीरेन्द्र जोशी/उदयपुर . कोई भी व्यापारी बिल पर यह नहीं लिख सकता है कि बिका हुआ माल वापस नहीं होगा। फिक्स रेट के टैग भी नहीं लगाए जा सकते हैं। खरीद पर बिल देना जरूरी है। तिब्बतीय मार्केट संघ के व्यापारियों ने फिक्स रेट के टैग बना रखे हैं, वहीं खरीद पर बिल भी नहीं दिए जा रहे हैं। इस पर जिला रसद अधिकारी ने उन्हें यह नोटिस थमाया कि वे तुरंत ही फिक्स रेट के टैग हटाएं और खरीद पर बिल दें। ऐसा नहीं करने पर उनके खिलाफ उपभोक्ता संरक्षण अधिनियम के तहत कार्रवाई होगी। सात दिन में जवाब देने को कहा है। यह है नोटिस मेंजिला रसद अधिकारी ने तिब्बतीय मार्केट संघ के अध्यक्ष को नोटिस थमाया है जिसमें लिखा है कि वस्त्रों की बिक्री के दौरान उपभोक्ताओं को बिल नहीं दिए जा रहे हैं। फिक्स रेट के टैग लगाए हैं जो उपभोक्ता संरक्षण कानून के तहत उपभोक्ताओं के साथ गलत व्यवहार है। कई व्यापारी ऐसा लिखते हैं शहर सहित जिलेभर में अधिकतर दुकानदारों ने बिल पर अंकित कर रखा है कि बिका हुआ माल वापस नहीं होगा, लेकिन उपभोक्ता जानकारी के अभाव में चुप हैं या पता होने पर भी संबंधित के खिलाफ कार्रवाई नहीं होती है।
अब जिला रसद अधिकारी ने उपभोक्ताओं से आग्रह किया है कि वे इस संबंध में लिखित में शिकायत दर्ज करवाएं ताकि संबंधित दुकानदार के खिलाफ कार्रवाई की जा सके। इस संबंध में उपभोक्ता टोल फ्री नम्बर 1800-180-6030 पर शिकायत दर्ज करवा सकेगा। नियम यह हैउपभोक्ताओं को वस्तु के चयन और पसंद नहीं आने पर लौटाने का अधिकार है। कोई भी व्यापारी उससे इंकार नहीं कर सकता है। उपभोक्ता संरक्षण अधिनियम 1986 की धारा 14 के तहत ऐसा करने पर कानूनी कार्रवाई का प्रावधान है।