3 फ़रवरी 2026,

मंगलवार

Patrika Logo
Switch to English
home_icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

अतीत में हुआ था ये भयानक नरसंहार, धर्म से थी ऐसी नफरत कि हज़ारों लोगों को उतार दिया था मौत के घाट

बेलारूस के ब्रेस्ट शहर में खुदाई के दौरान अब तक मिले 1 हज़ार नर कंकाल करीब 5 हज़ार यहूदियों को सिर में मारी थी गोली 1942 में ब्रेस्ट शहर पर जर्मनी के कब्जे के बाद हुआ था ये भयानक नरसंहार

2 min read
Google source verification
Nazi era mass grave of Jews discovered in belarus building site

अतीत में हुआ था ये भयानक नरसंहार, धर्म से थी ऐसी नफरत कि हज़ारों लोगों को उतार दिया था मौत के घाट

नई दिल्ली।पश्चिमी बेलारूस ( Western Belarus ) के ब्रेस्ट शहर ( Brest ) में कई साल पहले 18 हजार लोगों की हत्या कर दी गई थी। सदियों से इस जगह पर लोगों के कंकाल और कपड़ों के चीथड़े मिलते आ रहे हैं। बेलारूस के एक निर्माण स्थल पर जहां एक अपार्टमेंट बनाने के लिए खुदाई की जा रही है वहां खुदाई के दौरान एक सामूहिक कब्र मिली है। अब तक खुदाई में एक हज़ार यहूदियों ( judaism ) की हड्डियां और कंकाल बरामद किए गए हैं। इन यहूदियों को जर्मनी ( Germany ) के कब्जे के दौरान मार दिया गया था। निर्माण स्थल की सफाई में लगे एक सिपाही का कहना है कि,'खोपड़ी पर गोली का छेद साफ दिखाई देता है।'

चोरी करने के बाद अजीबो-गरीब हरकत करता है ये चोर, पुलिस ने भी किया पकड़ने से इंकार, जानें क्या है वजह

इस निर्माण स्थल पर छोटे बच्चों और महिलाओं के सिर और कंकाल भी मिले हैं। इस जगह को देखकर ऐसा लगता है कि नाजियों ने यहां खाईयां खोदीं और लोगों को उसके सामने खड़ा कर उन्हें गोली मार दी जो गड्ढे में जा गिरे। और ये सिलसिला तब तक चलता रहा जब तक वह गड्ढा भर नहीं गया। एक मीडिया रिपोर्ट के अनुसार, ब्रेस्ट शहर में बनाई गई इस खाई में लगभग 18 हजार यहूदियों को दफनाया गया है। बता दें कि उस समय ब्रेस्ट शहर की कुल आबादी 50 हज़ार हुआ करती थी जिसमें आधे यहूदी थे।

हवालात में बंद किए गए 6 मुर्गे, जुर्म किया है ऐसा पुलिस नहीं कर रही रिहा

एक मीडिया रिपोर्ट के अनुसार, सन 1942 में जब ब्रेस्ट शहर पर जर्मनी ने कब्ज़ा किया तो उसके बाद उन्होंने यहां 5 हज़ार लोगों की हत्या कर दी। बचे लोगों को बस्तियों में रहने पर मजबूर किया। लेकिन कुछ समय बाद उन्हें भी मारने का आदेश जारी किया गया। जिसके बाद उन्हें ट्रेन में बैठाया गया और 100 किलोमीटर दूर जंगल में ले जाया गया और उल्टा खड़ा कर सिर पर गोली मार दी गई।

यहां राष्ट्रपति भवन पर मंडरा रहा है ये खतरा, बाज और उल्लुओं को ट्रेनिंग देकर कराया जा रहा है ऐसा काम

Story Loader